हर समय ही बना रहता है दुर्घटना का अंदेशा:श्रमिक शेड ना होने से सड़क किनारे फुटपाथ पर बैठते हैं दिहाड़ी मजदूर

सिलवानी9 महीने पहले
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नगर में श्रमिक शेड ना होने के कारण दिहाड़ी मजदूरो को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। प्रतिदिन बड़ी संख्या मजदूर काम की तलाश में सुबह के समय बजरंग चौराहा पर एकत्रित हो जाते है। जहां कि वह सड़क किनारे बैठकर काम पर जाने की आस लगाए रहते हैं। काम की तलाश में बैठे मेहनतकश मजदूरों को अनेक व्यक्ति काम कराने ले जाते है।

सर्दी, गर्मी और बरसात के दिनों में भी मजदूर काम की तलाश में इसी तरह बजरंग चौराहा पर सड़क किनारे बैठे रहते है। इन मजदूरो को वोट बैंक समझने वाले जन प्रति निधियों ने कभी भी मजदूरो की समस्याओं का निराकरण किए जाने की जहमत नही उठाई।

बजरंग चौराहा जो कि व्यस्ततम क्षेत्र होने के कारण इस चौराहा से दिन रात के समय सैकड़ों की संख्या में दो पहिया वाहन से लेकर 18 और 20 पहियों के भारी वाहन निकलते है। जिले का एक मात्र चौराहा कहे जाने वाला नगर का बजरंग चौराहा हादसों को लेकर अति संवेदनशील की श्रेणी में आता है।

चूंकि चारों तरफ से वाहनों का आवागमन होने के कारण यहां पर हादसे की आशंका हमेशा ही बनी रहती हैं अंधी रफ्तार से दौड़ते रेत से भरे डंपर कभी भी हादसे का कारण बन सकते हैं। श्रमिक रामलाल, मोहन, सुरेंद्र, विक्रम, संतोष, रामबाबू, शिवनाथ, राजू, पप्पू सहित अनेक मजदूरों ने प्रशासन से माग की है कि श्रमिक शेड का निर्माण कार्य कराया जावे। ताकि वह स्थाई रूप से नियत स्थान पर बैठकर अपनी आजीविका का संचालन कर सके।

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