मोबाइल चार्ज करने दूसरे गांव जाते हैं ग्रामीण:ताेडरा में 1 माह से नहीं बदला खराब हुआ ट्रांसफार्मर, दूसरा भी सात दिनों से है बंद

राघौगढ़2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक

बिजली को लेकर सबसे ज्यादा परेशानी ग्रामीण क्षेत्रों में है। जहां बिजली कटौती व बार-बार खराबी आने से लोगों में आक्रोश है। बिजली समस्या का असर खेती किसानी पर भी पड़ रहा है। वर्तमान में किसानों को खेतों में सिंचाई व खाद डालने के लिए बिजली की ज्यादा जरूरत है। ग्रामीणों की शिकायत है कि बिजली बंद होने से कृषि पंप व बोर से पानी नही मिल रहा । इससे सिंचाई कार्य भी प्रभावित हो रहा है। इस सबके बाद भी अधिकारी मानने को तैयार नहीं कि बिजली की परेशानी है।

ऐसे ही हालात ग्राम पंचायत तोडरा गांव में बिजली विभाग ने हनुमान मंदिर के पास रखा हुआ ट्रांसफार्मर नहीं बदला गया है। जो विगत 1 माह पहले जल खराब हो गया था। ट्रांसफार्मर उतारकर बिजली विभाग के कर्मचारी ले तो गए लेकिन दुबारा मरम्मत कर नहीं लगाया गया है।

जिससे आधा गांव का हिस्सा अभी तक अंधेरे में रह रहा है, दूसरा ट्रांसफार्मर प्राथमिक स्कूल गेट के सामने रखा हुआ है जो 1 हफ्ते पहले खराब हुआ था। इसकी सूचना ग्रामीणों द्वारा तत्काल दी गई थी। लेकिन बिजली विभाग ने पलटकर नहीं देखा आज आलम यह है कि आधा गांव पूरा अंधेरे में रह रहा है, आटा चक्की 1 हफ्तेसे बंद पड़ी है, स्कूली बच्चों को पढ़ाई करने में काफी दिक्कत हो रही है। तक दूसरे मोहल्ले में जाकर चार्ज कर रहे हैं।

''बिजली नहीं रहने से पूरे गांव में पसरा रहता है अंधेरा

गांव वालों का कहना है कि अगर कोई बिल जमा नहीं करता किसी डीपी पर तो सिर्फ उसकी लाइट काटना चाहिए ऐसा नियम है, लेकिन बिजली विभाग 5 लोगों के चक्कर में पूरे गांव की बिजली काट देता है। ऐसे में पूरे गांववालों को परेशान होना पड़ता है। जो लोग बिल जमा कर रहे हैं उन लोगों को सबसे ज्यादा दिक्कत हो रही है। रात के समय बिजली नहीं होने के कारण पूरे गांव में अंधेरा पसरा रहता है। चोरों का भी डर लगा रहता है। गांव के सर्जन सिंह, बने सिंह, हरनाम ने बताया कि आज करीब 15 दिन से बिजली विभाग अपनी मर्जी अनुसार बिजली दे रहा है और 5 से 6 घंटे बिजली काटी जा रही है, थोड़ी बहुत बिजली मिलती है उस से काम चल जाता है लेकिन आज 15 दिनों से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।

आश्वासन दे रहे बिजली कंपनी के अधिकारी
गांव के राम सिंह, सागर सिंह, बृजेश धाकड़, भैयालाल, दौलतराम, मोनू ने बताया कि इस मोहल्ले के बिल भी पूरे जमा है और हर महीने बिल जमा करते हैं। इसके बावजूद भी आज एक हफ्ते से ट्रांसफार्मर जला हुआ है। बिजली विभाग के कर्मचारियों को फोन लगाते हैं तो कहते हैं आज रख देंगे, कल सुधार देंगे यही आश्वासन दिया जा रहा है। वहीं गांव की आटा चक्की बंद होने के कारण गांव वालों को दूसरे गांवों एवं जामनेर गेहूं का आटा पिसाने के लिए जाना पड़ रहा है।

जानकारी लेकर बता सकेंगे क्या कारण है
"बिजली कंपनी के अधिकारी ने बताया कि मैं पूरी जानकारी लेता हूं क्या कारण रहा है।"
-भीम शरण गौतम एई, बिजली कंपनी

खबरें और भी हैं...