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अब तक कोई निर्माण नहीं:100 बिस्तर के अस्पताल की इमारत बनना ताे दूर, 10 महीने में नींव भी तैयार नहीं की

डबरा6 दिन पहले
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सिविल हॉस्पिटल परिसर में बनाई जा रही अस्पताल की नई इमारत जिसके फाउंडेशन का कार्य पूरा नहीं हो पाया है। - Dainik Bhaskar
सिविल हॉस्पिटल परिसर में बनाई जा रही अस्पताल की नई इमारत जिसके फाउंडेशन का कार्य पूरा नहीं हो पाया है।
  • 4 करोड़ 80 लाख की लागत से बनाई जाना है तीन मंजिला इमारत
  • सिविल अस्पताल परिसर में निर्माणाधीन 100 बिस्तर के अस्पताल का काम बंद
  • नवंबर में सीएम ने किया था भूमि पूजन

सिविल अस्पताल परिसर में 100 बिस्तर के अस्पताल के लिए नई इमारत का काम 24 महीने में पूरा होना था। 24 महीने बाद हालात यह हैं कि अब तक फाउंडेशन का काम भी पूरा नहीं हाे सका है। अस्पताल परिसर में ही बनाए जा रहे ऑक्सीजन प्लांट का काम भी अधूरा है। ऐसे में यदि काेराेना की तीसरी लहर आती है तो हालात संभालना मुश्किल हो सकता है।

प्रदेश सरकार ने सिविल अस्पताल का उन्नयन कर 100 बिस्तर का कर दिया है। पहले इस अस्पताल के लिए बल्ला का डेरा पर जमीन आवंटित की गई थी। बाद में उस जमीन को निरस्त कर अस्पताल परिसर में ही बने सरकारी आवासों की जमीन इस अस्पताल के लिए आवंटित कर दी गई। अस्पताल के निर्माण के लिए नवंबर-2020 में मुख्यमंत्री ने शिलान्यास किया था लेकिन शिलान्यास के बाद काम शुरू नहीं हो सका था। ठेकेदार ने मार्च महीने से निर्माण कार्य शुरू कराया। इमारत का काम 24 महीने में पूरा करना था, लेकिन अभी तक इमारत की फाउंडेशन का कार्य भी पूरा नहीं हो पाया है। इसके बाद भी जिम्मेदार अधिकारी ठेकेदार पर कोई सख्त कार्रवाई नहीं कर रहे। कोरोना की तीसरी लहर को लेकर सिविल अस्पताल प्रबंधन द्वारा किसी प्रकार की कोई तैयारी नहीं की गई है। हालांकि नेत्र विभाग में बच्चों के लिए एक वार्ड बनाकर पलंग डलवाए गए थे, जो कि वर्तमान में धूल खा रहे हैं।

4 करोड़ 80 लाख की लागत से बनाई जानी है तीन मंजिला नई इमारत
शासन की योजना के अनुसार इस 100 बिस्तर के के नए अस्पताल के नए भवन का निर्माण कार्य 4 करोड़ 80 लाख की लागत से किया जाएगा। तीन मंजिला बनने वाली इस इमारत में जनरल वार्ड, चिल्ड्रन वार्ड सहित डॉक्टरों के बैठने के लिए अलग अलग चैंबर होंगे। निर्माण कार्य एके जैन कंस्ट्रक्शन कंपनी द्वारा किया जा रहा है। लेकिन अनदेखी के चलते निर्माण कार्य लेट होता जा रहा है।

ऑक्सीजन प्लांट का काम भी चार माह से बंद पड़ा
अस्पताल परिसर में ऑक्सीजन प्लांट भी बनाया जा रहा है लेकिन 3 महीने बीतने के बाद भी इसका काम पूरा नहीं हो पाया है। वर्तमान में ऑक्सीजन प्लांट का काम रुका हुआ है। यह हाल तब हैं जब कोरोना की दूसरी लहर के दौरान ही ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने जल्द काम पूरा करने के निर्देश दिए थे। उधर अस्पताल भवन बनाने वाली कंस्ट्रक्शन कंपनी के आजाद जैन का कहना है कि निर्माण कार्य बारिश के कारण रुका है।

ठेकेदार को काम में तेजी जाने के लिए कहा जाएगा
सिविल अस्पताल परिसर में 100 बिस्तर की नई इमारत के निर्माण का काम किया जा रहा है। यदि ठेकेदार धीमी गति से कार्य कर रहा है तो उसे निर्देश देकर कार्य में तेजी लाने के लिए कहा जाएगा।
डॉ. मनीष शर्मा, सीएमएचओ, ग्वालियर

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