बिजली गुल / केबल जलने से बार बार हो रहे फॉल्ट, रात में साढ़े पांच घंटे की कटौती से लोग बेहाल

X

  • भीषण गर्मी में लोगों को रुला रही विद्युत कटौती

दैनिक भास्कर

Jul 01, 2020, 04:00 AM IST

भांडेर. उमस एवं गर्मी के बढ़ने के साथ ही विद्युत कटौती का सिलसिला भी तेज हो रहा है। दिन के अलावा रात में बिजली कब आए और कब जाए इसका कोई पता नहीं। अंधाधुंध विद्युत कटौती से सबसे अधिक परेशानी मासूम बच्चों को हो रही है। ग्रामीण अंचलों के अलावा नगर में नगरीय क्षेत्र में भी विद्युत कटौती का सिलसिला लगातार बढ़ता ही जा रहा है। दिन हो या रात विद्युत अधिकारी कब परमिट ले लें, इसका कोई पता नहीं। एक बार बिजली के जाने के बाद दोबारा से सप्लाई शुरू होने में कम से कम एक घंटे का समय जरूर लगता है। इस बीच भीषण गर्मी और उमस के चलते लोग बुरी तरह तिलमिला उठते हैं। 
विद्युत कटौती का यह सिलसिला पिछले 15 दिनो से लगातार बढ़ता ही जा रहा है। सोमवार की रात को भी बिजली की आंख मिचौनी का सिलसिला जारी रहा। केबल जलने से नगर पालिका फीडर पर रात 8 बजे से रात 11 बजे तक सप्लाई बंद रही और इसके बाद रात 11.30 बजे फिर बिजली चली गई, इसके बाद रात दो बजे सप्लाई बहाल हुई।  जिससे नगर पालिका फीडर पर आने वाले मोहल्ले पोस्ट ऑफिस के पास, हनुमंतपुरा मोहल्ला, छिपैटी मोहल्ला, नगर पालिका चौराहा, विधायक काॅलोनी, चिरगांव रोड में लोग परेशान हुए। वहीं सीटोला मोहल्ला में सुल्तान खान के घर के पास केवल जलने से रात 12 बजे एक घण्टे के लिए सप्लाई बंद रही। रात के समय बिजली आपूर्ति बंद होने से सबसे अधिक परेशानी कामकाजी महिलाओं के अलावा मासूम बच्चों को होती है।
मेंटेनेंस के नाम पर की जा रही कटौती

विद्युत अधिकारियों द्वारा अनुरक्षण के कार्य के नाम पर विद्युत कटौती की जा रही है। कभी फाल्ट तो कभी अत्यधिक लोड बताकर विद्युत आपूर्ति को दो-दो, तीन-तीन घंटे बंद रखा जाता है। जबकि नगर में आईपीडीएस के तहत 4 करोड 93 लाख की लागत से नई लाईनों व ट्रांसफार्मरों का स्ट्रेक्चर तैयार किया गया था। फिर भी लाईन फाॅल्ट होने मुक्ति नहीं मिल पा रही है। इन्वर्टर भी साथ छोड़ने लगते हैं। सबसे अधिक परेशानी उस समय होती है जब विद्युत कटौती लंबी होने से इन्वर्टर भी जवाब देने लगते हैं। जब लोग बाहर निकलकर सोने का प्रयास करते हैं लेकिन चैन की नींद भी नहीं सो पाते।

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना