जागरुकता शिविर:महिलाओं को स्वच्छ-स्वस्थ रखने में सेनेटरी नैपकिन की भूमिका: दिव्या

मुरैना8 महीने पहले
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पीजी कॉलेज में राष्ट्रीय सेवा योजना के बालिका स्वास्थ्य जागरूकता स्पेशल वनडे शिविर का आयोजन किया गया। इसमें राजेंद्र कॉन्वेंट स्कूल की संचालक एवं नारी सशक्तिकरण अभियान की संयोजक दिव्या श्रीवास्तव ने मुख्य अतिथि के रूप में कहा कि-घर और परिवार में मां और बेटी को सबसे पहले अपने स्वयं के स्वास्थ्य और स्वच्छता का ध्यान रखना चाहिए। श्रीवास्तव ने कहा कि मुखिया मां जितनी स्वस्थ और स्वच्छ होती है, परिवार को उतना ही निरोग रख सकती है। लेकिन अक्सर परिवारों में देखने में आता है कि बेटियां अपनी मां से अपनी निजी परेशानियों को कहने में संकोच करती है और मां भी बेटियों को उनमें होने वाले परिवर्तन के संबंध में खुलकर नहीं बता पाती। ऐसे में जरूरी है कि स्कूल-कॉलेजों में स्त्री रोग विशेषज्ञ और महिला टीचर्स, प्रोफेसर के द्वारा इस विषय पर सटीक और सही जानकारी दी जाए। आज के समय में स्वच्छ और स्वस्थ रहने के लिए बेटियों और महिलाओं को सेनेटरी नैपकिन की महती आवश्यकता है। इसलिए इसकी जानकारी होना आवश्यक है। विशिष्ट अतिथि बालिका बचाओ संजीवनी अभियान के संयोजक डॉ. सुधीर आचार्य सहित कार्यक्रम में राष्ट्रीय सेवा योजना की कार्यक्रम अधिकारी नेहा श्रीवास्तव, डॉ रक्षा कम्ठान, डॉ मंजू तोमर, सीमा श्रीवास्तव, लक्ष्मी राठौर, डॉक्टर ओपी शुक्ला, प्राचार्य डॉ शिवराज सिंह तोमर, रासेयो जिला संगठक डॉ शशि बल्लभ शर्मा, रासयों अधिकारी दिनेश शर्मा भी मौजूद थे।

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