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सट्‌टा कारोबार:हुंडी दलाल की ससुराल में दबिश, पत्नी बोली-भांजी की शादी के लिए रखे रुपए भी ले गया आशीष

ग्वालियर11 दिन पहले
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पुलिस ने आशू को कोर्ट में पेशकर 9 जनवरी तक के लिए फिर रिमांड पर लिया। - Dainik Bhaskar
पुलिस ने आशू को कोर्ट में पेशकर 9 जनवरी तक के लिए फिर रिमांड पर लिया।

कारोबारियों से ठगी के मामले में गिरफ्तार हुंडी दलाल आशीष गुप्ता उर्फ आशू को पुलिस ने शुक्रवार को कोर्ट में पेश कर 9 जनवरी तक पूछताछ के लिए रिमांड पर ले लिया। हुंडी दलाल के भोपाल स्थित ससुराल में भी पुलिस ने दबिश देकर पत्नी व सास-ससुर से पूछताछ की, जिसमें पता चला कि आशू ने अपने दोनों बहनोई व अन्य रिश्तेदारों को भी ठगा है। फरार क्रिकेट सटोरियों की तलाश के लिए क्राइम ब्रांच की टीम ने भोपाल व दतिया में दबिश दी, लेकिन कोई सफलता पुलिस को नहीं मिली।

एएसपी राजेश दंडोतिया ने बताया कि क्राइम ब्रांच की टीम ने शुक्रवार को भोपाल में सटोरिए दिलीप सिंधी की तलाश में दबिश दी, लेकिन वह हाथ नहीं अाया। मोनू के साझेदार बृजेश श्रीवास्तव की तलाश में पुलिस ने दतिया में भी दबिश दी, लेकिन वह भी नहीं मिला। बाद में पुलिस पार्टी हुंडी दलाल की ससुराल में उसकी पत्नी अंकिता से पूछताछ करने भी गई। वहां पर आशू के ससुर सुरेश भी मौजूद थे। पुलिस पार्टी ने आशू की पत्नी से भोपाल जाने से पहले आशू द्वारा गहने दिए जाने के संबंध में पूछताछ की। अंकिता ने बताया कि शादी के बाद आशू ने कभी भी उसे कोई गहना नहीं दिलाया।

दोनों बहनोइयों को भी ठगा
पत्नी व उसके माता-पिता ने यह भी बताया कि आशू ने अपने इंदौर वाले जीजा राजेश गुप्ता व शिवपुरी वाले जीजा कपिल गुप्ता से भी 25 व 30 लाख रुपए उधार लिए थे। एक बहनोई के घर में बेटी के शादी के लिए रुपए रखे थे। परिजन ने पूछताछ में यह भी बताया कि अन्य रिश्तेदारों को भी ठगा है।

राजनीति से जुड़े लोगों के संपर्क में हैं व्यापारी: हुंडी दलाल की फर्जी हुंडी से बड़ी रकम से ठगे कारोबारी अपना कुछ रुपया वापसी के लिए प्रभावशाली लोगों के संपर्क में हैं। व्यापारियों की परेशानी यह है कि पुलिस के सामने लिखापढ़ी में मामला दर्ज कराने के बाद रुपए वापसी की गारंटी इसलिए नहीं है क्योंकि रुपए सट्टा में हारा बता दिया जाएगा और आशू के नाम किसी प्रॉपर्टी होने की संभावना कम है। दूसरी अोर बड़ी रकम की ठगी की एफआईआर कराने पर इनकमटैक्स व प्रवर्तन निदेशालय उन पर शिकंजा कस सकता है। इसलिए व्यापारी खुलकर सामने आने से कतरा रहे हैं।

पुलिस की पूछताछ से बचने सीधे कोर्ट में हाजिर होने की जुगाड़ में है मोनू
बताया गया है कि प्रकरण दर्ज होने के बाद सटोरिया मोनू ने विगत दो दिन से भोपाल में ठिकाना बनाए हैं। वह ग्वालियर के एक कारोबारी व उनसे जुड़े अधिकारियों के संपर्क में है। मोनू की कोशिश यह है कि पुलिस कार्रवाई में उसे जल्द कोर्ट में पेश कर जमानत में बाधा खड़ी न हो और उसकी संपत्ति व बैंक खातों के संबंध में पुलिस ज्यादा पूछताछ नहीं करे। बताया यह भी गया है कि अभी मोनू को कोई गारंटी नहीं मिली है। वहीं मोनू के फोन की लोकेशन गोवा में बताई जा रही है।

हवाला का साझेदार भी मोनू की कर रहा मदद

बताया यह भी गया है कि सटोरिया मोनू गुप्ता शहर में एक बड़े कारोबारी के छोटे भाई के साथ मिलकर हवाला का भी कारोबार चला रहा था। मोनू पर मामला दर्ज होने पर हवाला कारोबार भी रुक गया है। मोेनू का साझेदार हवाला कारोबारी भी अपने प्रभावशाली संपर्कों से मोनू की मदद की बात कर रहा है।

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