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  • Three MP Police Personnel Sacked For Extorting 60 Lakhs From Jhansi's Bullion Traders In Jabalpur Nizamuddin Express

MP के लुटेरे पुलिसवालों की नौकरी गई:ट्रेन में झांसी के सराफा कारोबारियों से 60 लाख छीने थे, खुद को राजस्थान क्राइम ब्रांच की टीम बताया था; 3 जवान बर्खास्त

ग्वालियर16 दिन पहले
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बर्खास्त पुलिस जवान सतेन्द्र गुर्जर काली शर्ट में और दूसरा विवेक पाठक - Dainik Bhaskar
बर्खास्त पुलिस जवान सतेन्द्र गुर्जर काली शर्ट में और दूसरा विवेक पाठक

होशंगाबाद की ब्लैकमेलर पुलिस गैंग के बाद ग्वालियर में MP की लुटेरी पुलिस गैंग पर बड़ी कार्रवाई हुई। ग्वालियर और डबरा के बीच चलती ट्रेन में झांसी के 3 सराफा कारोबारियों से 60 लाख रुपए छीनने वाले 3 जवानों को बर्खास्त कर दिया गया है। इस गैंग में शामिल चौथे आरोपी RPF कांस्टेबल पर कार्रवाई करने के लिए कमांडेंट को पत्र लिखा गया है। चारों कांस्टेबल ने राजस्थान क्राइम ब्रांच के जवान और अफसर बताकर कारोबारियों के बैग छीन लिए थे।

तीनों जवान को तीन दिन पहले पुलिस ने गिरफ्तार किया था। इसमें से एक व्यापमं कांड में निलंबित जवान था और दो IG ऑफिस स्थित साइबर सेल में तैनात जवान थे। SP ग्वालियर अमित सांघी ने यह आदेश बुधवार रात जारी कर दिए हैं। इन्होंने अपनी पुलिस की नौकरी खो दी है। साथ ही पूरे मामले की जांच की जा रही है। इनसे जुड़े अन्य लोगों को भी जांच के दायरे में शामिल किया गया है।

बर्खास्त पुलिस जवान अभिषेक, पूरी गैंग में यह सबसे ज्यादा शातिर है
बर्खास्त पुलिस जवान अभिषेक, पूरी गैंग में यह सबसे ज्यादा शातिर है

यह है पूरा मामला

उत्तर प्रदेश के सराफा कारोबारी संजय अग्रवाल और संजय गुप्ता अन्य सराफा व्यापारियों के लिए दिल्ली से सोना लाकर डिलीवरी करने का काम करते हैं। 17 जून 2021 को यह जबलपुर-निजामुद्दीन एक्सप्रेस से 60 लाख रुपए लेकर दिल्ली के लिए निकले थे। डबरा के पास चार युवकों ने इनको नाम लेकर बुलाया और चेकिंग करने लगे। युवकों ने खुद को राजस्थान क्राइम ब्रांच का जवान और अफसर बताया। इन्होंने चेकिंग में व्यापारियों के बैग में रखे 60 लाख रुपए हड़प कर लिए गए थे। मामला संज्ञान में आया तो क्राइम ब्रांच और GRP ग्वालियर की टीम को आरोपियों का पता लगाने की जिम्मेदारी सौंपी गई।

टीम ने झांसी स्टेशन से लेकर ग्वालियर और डबरा स्टेशन के फुटेज खंगाले तो एक निलंबित जवान सतेन्द्र तीन अन्य के साथ दिखाई दिया। उसके पास बैग भी थे। फिर क्या था पुलिस को सुराग हाथ लगा तो कड़ी से कड़ी जोड़ते हुए पुलिस व्यापमं कांड में निलंबित पुलिस जवान सतेन्द्र गुर्जर तक पहुंची। इसके बाद IG साइबर में तैनात आरक्षक अभिषेक और विवेक पाठक तक पहुंची। इसमें RPF का जवान योगेन्द्र भी हाथ लग गया। पूरी गैंग का पर्दाफाश हुआ।

मास्टरमाइंड व्यापमं कांड का निलंबित जवान

इस पूरे गिरोह का मास्टरमाइंड व्यापमं कांड में निलंबित पुलिस जवान सतेन्द्र गुर्जर है। इसने अपने साथी सायबर पुलिस के जवान अभिषेक तिवारी, विवेक पाठक और रेलवे पुलिस फोर्स के जवान योगेन्द्र के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया था।

तीन पुलिस जवानों को किया बर्खास्त
इस मामले में पुलिस कप्तान अमित सांघी ने बुधवार को बड़ा फैसला लिया है। पुलिस कप्तान ने MP पुलिस के तीनों जवान सतेन्द्र, अभिषेक और विवेक को बर्खास्त कर दिया है। चौथे आरोपी RPF के जवान योगेन्द्र के लिए रेलवे पुलिस फोर्स को लिखा है। इनके खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज है और कानूनी प्रक्रिया तहत कार्रवाई की जाएगी।

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