राहत नहीं:दो कॉलोनाइजरों को नहीं मिली राहत, जुर्माने को सही ठहराया; दोनों पर 41.84 लाख का जुर्माना लगाया था

ग्वालियर7 दिन पहले
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  • इस आदेश के खिलाफ एडिशनल कलेक्टर से लेकर कमिश्नर ग्वालियर संभाग तक अपील की गई, लेकिन कोई राहत नहीं मिली

नियम विरुद्ध तरीके से प्लॉट बेचने के मामले में हाई कोर्ट ने जितेंद्र चतुर्वेदी (51) निवासी जनकगंज और भूपेंद्र दीक्षित (45) निवासी जिंसी वालों का बाड़ा को राहत देने से इनकार कर दिया। मामला ग्वालियर के मोहना का है, जहां कुल 3.658 हेक्टेयर जमीन पर जितेंद्र और भूपेंद्र प्लॉट बेच रहे थे। इस मामले में एसडीएम घाटीगांव ने दोनों पर 41.84 लाख का जुर्माना लगाया था।

इस आदेश के खिलाफ एडिशनल कलेक्टर से लेकर कमिश्नर ग्वालियर संभाग तक अपील की गई, लेकिन कोई राहत नहीं मिली। इसके बाद हाई कोर्ट में याचिका दायर की गई। 2019 से लंबित मामले में शासन की ओर से पैरवी करते हुए एडवोकेट पवन रघुवंशी ने तर्क दिया कि पटवारी की रिपोर्ट के आधार पर एसडीएम ने यह कार्रवाई की है। डायवर्सन किए बिना जमीन बेची जा रही थी, वहीं जुर्माने की कार्रवाई से पहले नोटिस जारी किया, लेकिन कोई जवाब पेश नहीं किया गया। वहीं, याचिकाकर्ताओं की ओर से तर्क दिया गया कि वे भूमि-स्वामी नहीं है। ऐसे में उनके खिलाफ जुर्माना लगाने की कार्रवाई नियम विरुद्ध है। सभी पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट ने याचिका को खारिज करते हुए एसडीएम के आदेश को सही ठहराया।

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