शिवपुरी में पटवारी, नायब तहसीलदार पर FIR:फूफा के साथ मिलकर कागजों में किया खेल, माता-पिता की मौत हुई तो जमीन हड़पने बच्ची को बता दिया बालिग

शिवपुरीएक महीने पहले
  • कॉपी लिंक
शिकायती आवेदन - Dainik Bhaskar
शिकायती आवेदन

खनियाधाना के पोटा गांव की रहने वाली रूबी सिंह लोधी के हक का हड़पने के लिए षडयंत्र रचा था। षड्यंत्र में खनियाधाना के नायब तहसीलदार अरूण सिंह गुर्जर, पटवारी मनोज नागर और धर्मेंद्र गुप्ता ने बच्ची का हक हड़प लिया था। मामले में कोर्ट के आदेशों के बाद दर्जनों आरोपियों पर धोखाधड़ी और फर्जी दस्तावेज तैयार करने का मामला दर्ज किया गया है।

माता-पिता और भाई की मौत
खनियाधाना के पोटा गांव निवासी भगवानदास लोधी की 15 साल पहले मौत हो गई थी। भगवानदास की मौत के बाद भगवानदास के हिस्से की पुस्तैनी जमीन सरकारी दस्तावेजों में उसकी पत्नी गुड्डी, बेटे पुष्पेंद्र और बेटी रूबी के नाम हो गई थी। पति की मौत के बाद गुड्डी अशोकनगर में रहने लगी थी। कुछ सालों बाद गुड्डी की मौत हो गई थी। वहीं 4 से 5 साल पहले पुष्पेंद्र की भी मौत हो गई थी। मां और भाई की मौत के बाद पिता की पूरी जमीन की हकदार उसकी नाबालिग बेटी रूबी बन गई।

धोखे से हड़पी प्रॉपर्टी
मां, भाई और पिता की मौत के बाद से ही रूबी अपने चाचा प्रकाश लोधी के साथ रहने लगी। इस दौरान जब रूबी एक बार सीहोरा स्थित अपने मकान को देखने गई। तो वहां उसके रिश्तेदार रामरतन लोधी, पूरन लोधी, शिवप्रताप लोधी, जान सिंह लोधी, रचना लोधी, सोन सिंह लोधी, सुमन लोधी, रामसिंह लोधी, जगत सिंह लोधी मिले, सभी लोग बच्ची को यह कह कर खनियाधाना तहसील ले गए कि उसके पिता की जमीन उसके नाम ट्रांसफर करानी है। रूबी से तहसील में उसका आधार कार्ड लेकर कुछ कोरे कागजों पर साइन करा लिए गए और उसे आश्वाशन दिया कि अब पूरी जमीन उसके नाम हो जाएगी। कुछ दिनों बाद वे लोग जमीन पर कब्जा करने पहुंच गए। मामले में न्यायालय के आदेश पर नायब तहसीलदार, पटवारी, तहसील परिसर लेखक सहित सभी आरोपियों पर धोखाधड़ी और फर्जी दस्तावेज तैयार करने का मामला दर्ज किया गया है।

नायब ने नाबालिग को बताया बालिग
मामले में नायब तहसीलदार अरुण गुर्जर और पटवारी मनोज नागर ने बिना किसी आधार के रूबी को दस्तावेजों में बालिग दिखाया है। इसी के साथ उन्होंने सुमन और रचना लोधी के नाम सरकारी दस्तावेजों में हेरफेर करके रूबी के पिता की जमीन में हकदार बना दिया।