गोलीकांड:हम्माल कमीशन पर रवि का आरोपी मुन्ना से था मतभेद, पहले थे दोस्त

होशंगाबाद2 वर्ष पहले
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  • गाेरक्षा प्रमुख रवि विश्वकर्मा हत्या के सभी 10 आरोपी फरार, एक लाख का इनाम रखा

जिला गाेरक्षा प्रमुख रवि विश्वकर्मा की गोलियां दाग कर हत्या करने वाले 10 नामजद सहित अन्य आरोपी शनिवार शाम तक पुलिस की गिरफ्त में नहीं आए। पुलिस के मुताबिक आराेपी मुन्ना पटेल और रवि एक समय दाेस्त थे। मंडी में हम्मालाें काे कमीशन पर काम दिलाते थे। बीते कुछ दिनाें पहले दाेनाें का कमीशन काे लेकर झगड़ा हुआ था तब से दाेनाें की रंजिश थी। इसके अलावा रवि ने आराेपी पक्ष के एक युवक से कुछ माह पहले मारपीट भी की थी। उसी के बदले में यह हत्याकांड हुआ।  पोस्टमार्टम में पाया गया एक गोली बाएं हाथ में लगकर आर-पार निकल गई, जो कार में मिली है। दूसरी गोली दाएं हाथ से होती हुई छाती में धंसी वह भी मिल गई है। शनिवार दोपहर रवि के अंतिम संस्कार तक पचमढ़ी रोड, इतवारा बाजार और श्मशान घाट के साथ मंगलवारा बाजार में पुलिस तैनात रही। बड़ी संख्या में लोग अंतिम संस्कार में शामिल हुए। एएसपी अवधेश प्रताप सिंह ने शुक्रवार रात से पिपरिया में डेरा डालकर आराेपियाें की धरपकड़ के लिए चार टीमें बनाई। शनिवार काे एसपी संताेष सिंह गाैर ने हत्याकांड का जायजा लेकर सभी आराेपियाें पर 1 लाख रुपए का इनाम घाेषित कर दिया।  

कई लोगों ने देखा रवि की हत्या का खौफनाक मंजर
रवि विश्वकर्मा की हत्या का एक वीडियो वायरल हुआ है। इसमें पूरी वारदात होते हुए दिख रही है। लगभग आधा दर्जन नकाबपोश युवकों ने अंडर ब्रिज के पास रवि की कार रोकी। सब्बल, लाठियों से कार में तोड़फोड़ की और फायर भी किए। रवि को कार से खींचकर बाहर निकाला और सड़क पर पटक कर उस पर सामूहिक हमला किया गया। कार में रवि के साथ बैठे दो लोग बदहवास भागते हुए नजर आ रहे हैं। कार पर किए गए फायर का धुंआ भी साफ नजर आ रहा है।

पिपरिया पुलिस की शिकायत कर लौट रहे थे रवि और हमला हो गया 
रवि जिन हिंदूवादी संगठनों से जुड़े थे, फिलहाल उन्होंने चुप्पी साध कर रखी है। विश्व हिंदू परिषद से जुड़े एक सदस्य ने नाम न छापने की शर्त पर बताया राकेश रघुवंशी पर पुलिस ने शस्त्र अधिनियम का जो फर्जी केस दर्ज किया है उसी मामले में रवि एएसपी अवधेश प्रताप सिंह से मिले। पदाधिकारियों के साथ रवि ने ज्ञापन देकर थाना स्टेशन रोड पुलिस की शिकायत की थी कि राकेश पर गलत तरीके से केस दर्ज किया है। इसमें एक अहम मुद्दा थाने के सीसीटीवी फुटेज ना मिलने का था। शिकायत कर लौट रहे रवि पर वापसी में हमला हाे गया।

आराेपी पक्ष के एक युवक से रवि ने की थी मारपीट
पिपरिया मंडी मप्र की बड़ी मंडियाें में से एक है। रवि विश्वकर्मा ठेका लेकर हम्मालाें काे कमीशन पर काम दिलाता था। टीआई स्टेशन रोड सतीश कुमार अंधवान ने बताया कि रवि आजीविका के लिए कृषि उपज मंडी में अनाज का काम करने वाले हम्मालाें से कमीशन लेता था। यही उसकी आजीविका थी। आरोपी पक्ष से इसी कारोबार को लेकर उसका मनमुटाव चल रहा था। रवि ने कुछ माह पहले आरोपी पक्ष के किसी एक युवक के साथ मारपीट की थी की थी। यह हैं हत्या के 10 नामजद आरोपी: नीतू वंंशकार, मुन्ना पटेल, संजू पटेल, अभी तिवारी, अभिषेक चौरसिया, कल्लू मेहरा, नितिन सिलावट, रज्जू पुरबिया, अजीत पटेल और राहुल पटेल सहित अन्य के खिलाफ केस दर्ज किया है।

दबिश : पुलिस ने 4 टीमें बनाईं 
एसडीओपी पिपरिया शिवेंदु जोशी ने बताया चार पुलिस टीमें आरोपियों को पकड़ने और सबूत जुटाने में जुटी हुई हैं। पोस्टमार्टम में रवि के शरीर में दो राउंड फायर के निशान और बेरहमी से मारपीट किया जाना सामने आया है। एफएसएल अधिकारी ने घटनास्थल की जांच की है।

रवि का मोबाइल पुलिस के पास नहीं
टीआई सतीश अंधवान ने बताया रवि का मोबाइल नहीं मिला है। पता चला है कि वह उसके परिवार के किसी सदस्य के पास है। रवि के साथ कार में मौजूद भूरा पटेल ने बताया अंडरब्रिज के पास एक चारपहिया गाड़ी ने कार को रोका और हमला हो गया।

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