धार के युवक की इंदौर में मौत:प्लेटलेट्स कम होने के कारण इंदौर में चल रहा था इलाज

धार24 दिन पहले
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धार जिले में डेंगू का प्रकोप दिन-प्रतिदिन बढ़ता ही जा रहा है। मलेरिया विभाग के तमाम प्रयासों के बावजूद डेंगू कम होने के बजाय बढ़ा है। ताजा मामला डेंगू का घाटाबिल्लोद से सामने आया है। यहां पर डेंगू होने के बाद इंदौर में उपचार लेने के दौरान एक युवक की मौत हो गई है। रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद लगातार प्लेटलेट्स कम होने के कारण परिजन युवक को सीधे इंदौर लेकर गए थे। जहां पर युवक की मौत हो गई है। हालांकि युवक की मौत डेंगू से होने की पृष्टि धार मलेरिया विभाग नहीं कर रहा है।

विभाग का कहना है कि रिपोर्ट सहित अन्य दस्तावेज देखने के बाद ही युवक की मौत डेंगू से होने की पृ‍ष्टि की जा सकती है। इधर डेंगू से जिले में अब तक 24 लोगों की मौत हो चुकी है। किंतु विभाग के सरकारी आंकड़ों में यह डाटा अभी तक शून्य पर ही है। विभाग की मानें तो डेंगू से तमाम मौते अभी तक इंदौर में हुई है। जिसका रिकॉर्ड भी इंदौर में ही मौजूद है। इसके चलते इन मौतों की पृष्टि नहीं की जा सकती।

जानकारी के अनुसार घाटाबिल्लौद निवासी मुस्तुफ पटेल (40) की रिपोर्ट डेंगू की पॉजिटिव आई थी, जिसके बाद तबीयत बिगड़ने पर मुस्तुफ को इंदौर परिजन लेकर गए थे।

बाम्बे हॉस्पिटल में उपचार के दौरान युवक की मौत हो चुकी है। मलेरिया विभाग के अनुसार जिले में डेंगू के एक्टिव केस अभी 240 है। जिले में डेंगू का सबसे अधिक प्रभाव तीसगांव, बदनावर, नालछा, मनावर, सरदारपुर क्षेत्र में हैं, इन सभी क्षेत्रों में डेंगू के एक्टिव मरीज 20 से अधिक है।

धार के जिला मलेरिया विभाग अधिकारी धर्मेंद्र जैन ने बताया कि इंदौर में मौत होने की सूचना विभाग को प्राप्त नहीं होती है। ऐसे में डेंगू होने से युवक की मौत की पृष्टि नहीं की जा सकती। जिले में अभी तक डेंगू से एक भी मौत नहीं हुई है। साथ ही जिले में डेंगू के एक्टिव केस अब 240 शेष रह गए हैं।

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