ओमिक्रॉन का अलर्ट, पहली बार एयरपोर्ट से रिपोर्ट:इंदौर में फ्लाइट से उतरते ही RTPCR टेस्ट, जानिए- नई गाइडलाइंस की सख्ती से एग्जिट तक

इंदौर5 महीने पहलेलेखक: हेमंत नागले

इंदौर के देवी अहिल्याबाई एयरपोर्ट पर ओमिक्रॉन को लेकर अलर्ट है। इंदौर एयरपोर्ट दुबई से कनेक्ट है। यहां बुधवार को दुबई से एयर इंडिया की फ्लाइट्स आती और जाती हैं। दुबई हाई रिस्क कंट्री (ऐसे देश, जहां ओमिक्रॉन के ज्यादा केस हैं) में नहीं है, फिर भी एयरपोर्ट पर पूरी एहतियात बरती जा रही है।

इस बुधवार एयर इंडिया की फ्लाइट दुबई से 136 यात्रियों को लेकर इंदौर एयरपोर्ट पर लैंड हुई। इनमें से 97 यात्री इंदौर उतरे, बाकी यात्रियों को लेकर फ्लाइट बेंगलुरु रवाना हो गई। ओमिक्रॉन के डर के बीच दुबई की इंटरनेशनल फ्लाइट में यात्रियों के आने से लेकर उनके RT-PCR, पासपोर्ट चेकिंग, कस्टम क्लीयरेंस से एयरपोर्ट से बाहर निकलने तक की जानकारी पहली बार दैनिक भास्कर पर, पढ़िए पूरी प्रोसेस....

एयरोब्रिज से एयरपोर्ट EXIT 6 स्टेप्स में

  1. फ्लाइट लैंड होने के बाद यात्री प्लेन से उतरकर एयरोब्रिज से निकलते हुए प्री-इमिग्रेशन की ओर आते हैं।
  2. प्री-इमिग्रेशन में मेटल डिटेक्टर से सबसे पहले उनकी जांच की जाती है। डॉक्टर की टीम RT-PCR टेस्ट करती है। इस बार केंद्र की गाइडलाइन की अनुसार रेंडमली जांच की जा रही है।
  3. इसके बाद इमिग्रेशन सेक्शन में आते हैं। यहां चार अलग-अलग काउंटर बनाए गए हैं। यहां यात्रियों के पासपोर्ट, वीजा और आईडी को चेक किया जाता है। एयरपोर्ट के अंदर ही इंटरनेशनल फ्लाइट से आने वाले यात्रियों के लिए अलग से इमिग्रेशन सेक्शन बनाया गया है। इसकी वजह यह है कि डोमेस्टिक फ्लाइट (घरेलू उड़ानों) से आने वाले यात्री भी सुरक्षित रहें और देश के बाहर से आने वाले यात्रियों को भी कोई असुविधा न हो।
  4. इसके बाद यात्री बैग क्लेम करने की ओर बढ़ जाते हैं।
  5. लगेज लेने के बाद यात्री को कस्टम क्लीयरेंस लेना जरूरी है। 4 से 5 मिनट के अंदर कस्टम क्लीयरेंस मिल जाता है।
  6. इसके बाद थर्मल स्कैनिंग होती है। डॉक्टरों की टीम यात्रियों की RTPCR टेस्ट रिपोर्ट को चेक करती है। यह सब होने के बाद यात्री एयरपोर्ट से बाहर यानी एग्जिट हो सकते हैं।

तस्वीरों में समझिए....

1. एयरोब्रिज से प्री-इमिग्रेशन आते हैं।
1. एयरोब्रिज से प्री-इमिग्रेशन आते हैं।
2. प्री इमिग्रेशन सेक्शन में RT-PCR जांच।
2. प्री इमिग्रेशन सेक्शन में RT-PCR जांच।
3. इमिग्रेशन पर पासपोर्ट व वीजा की जांच।
3. इमिग्रेशन पर पासपोर्ट व वीजा की जांच।
4. बैगेज क्लेम।
4. बैगेज क्लेम।
5. कस्टम क्लीयरेंस।
5. कस्टम क्लीयरेंस।
6. RTPCR चेकिंग और थर्मल स्कैनिंग।
6. RTPCR चेकिंग और थर्मल स्कैनिंग।
6 स्टेप्स की प्रोसेस के बाद यात्री एग्जिट हो जाते हैं।
6 स्टेप्स की प्रोसेस के बाद यात्री एग्जिट हो जाते हैं।

20 से 25 मिनट की प्रोसेस
एयरपोर्ट मैनेजर अनमोल ठाकुर ने बताया कि इस पूरी प्रोसेस में महज 20 से 25 मिनट लगते हैं। डॉक्टरों और अधिकारियों की टीम लगातार एविएशन सेक्शन से लेकर एयरोब्रिज सेक्शन तक घूमती रहती है। इससे यात्री असुविधा होने पर तुरंत हमसे संपर्क कर सकते हैं।

नई गाइडलाइन के अनुसार जांच
एयरपोर्ट डायरेक्टर प्रबोध शर्मा ने बताया कि कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन को लेकर केंद्र सरकार ने नई गाइडलाइन जारी की है। इसके तहत अब दुबई से आने वाले 2% यात्रियों की रैंडम जांच की जाती है। बुधवार रात को दुबई से आई उड़ान के 97 यात्रियों में से 2 यात्रियों की जांच की गई। शेष यात्रियों की स्क्रीनिंग स्वास्थ्य विभाग की टीम ने की। गाइडलाइन के अनुसार इन दो यात्रियों का चयन एयरलाइंस द्वारा किया गया, जबकि एयरपोर्ट मैनेजमेंट ने इन्हें रैपिड एंटीजन टेस्ट और RT-PCR जांच करवाने का विकल्प भी दिया है।

डायरेक्टर शर्मा का कहना था कि जिस प्रकार से यात्रियों को साढ़े 4 घंटे की फ्लाइट लेने के बाद यदि एयरपोर्ट पर उसे इमिग्रेशन और कस्टम क्लीयरेंस में देरी होती है, तो यात्री थका होने के कारण कभी-कभी अपनी नाराजगी भी व्यक्त कर देता है। इस कारण से इंदौर एयरपोर्ट पर आने वाले यात्री कम से कम समय में एयरपोर्ट से बाहर हो सकें, इसका पूरा ध्यान रखते हैं।

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