पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

इंजीनियरिंग:एसजीएसआईटीएस में इस बार 50 फीसदी ही प्रवेश

इंदौर12 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
  • अपग्रेडेशन और कोरोना बड़ी वजह, मनपसंद ब्रांच नहीं मिलना भी रहा कारण

प्रदेश के इंजीनियरिंग कॉलेजों में प्रवेश का पहला राउंड शुक्रवार को खत्म हुआ। प्रदेश के श्रेष्ठ तकनीकी शिक्षण संस्थान एसजीएसआईटीएस में पिछले साल के मुकाबले आधे छात्रों ने ही प्रवेश लिया। पहले राउंड के अंतिम दिन तक संस्थान में 138 प्रवेश हुए, जबकि पिछले साल पहले राउंड के अंत तक 270 छात्रों ने प्रवेश लिया था।

आईईटी का आंकड़ा पिछले साल से ज्यादा है। यहां अब तक करीब 52 छात्रों ने ही प्रवेश लिया है, जबकि पिछले साल 47 छात्रों ने एडमिशन लिया था।

जानकारों के अनुसार कम प्रवेश के पीछे कई कारण हैं। बसें उपलब्ध नहीं हैं, इसलिए कई छात्र नहीं आ पा रहे। पालक, बच्चों के लिए अपने शहर में उपाय तलाश रहे हैं। इसके अलावा कई छात्र मनपसंद ब्रांच नहीं मिल पाने के कारण अपग्रेडेशन के बाद वाली लिस्ट के इंतजार में हैं। जीएसआईटीएस के शशिभूषण मिश्रा ने बताया, अब तक 138 प्रवेश हुए हैं।

देवी अहिल्या यूनिवर्सिटी के इंस्टिट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग टेक्नोलॉजी में।
देवी अहिल्या यूनिवर्सिटी के इंस्टिट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग टेक्नोलॉजी में।

पिछले साल पहले राउंड में 270 प्रवेश हुए थे। आईईटी के डॉ. प्रवेश अत्री के अनुसार, कुल 52 प्रवेश हुए हैं इनमें से 35 गुरुवार को हुए। प्रवेश लेने वालों के मुकाबले ज्यादा लोग फोन पर पूछताछ कर रहे हैं। डीटीई का अपग्रेडेशन सिस्टम छात्रों को लुभा रहे है। इस वजह से भी दूसरे राउंड में प्रवेश बढ़ेंगे।

जीएसआईटीएस रजिस्ट्रार दीपक शर्मा का कहना है कि पिछले साल के मुकाबले प्रवेश लेने वाले छात्रों की संख्या फिलहाल कम है। सभी 832 सीटों पर प्रवेश होंगे। जो प्रभाव अभी दिख रहे हैं उसमें कोरोना की भूमिका जरूर है।

एसजीएसआईटीएस को सबसे पहला एडमिशन 2835वीं रैंक पर मिला।
एसजीएसआईटीएस को सबसे पहला एडमिशन 2835वीं रैंक पर मिला।

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- आप अपनी दिनचर्या को संतुलित तथा व्यवस्थित बनाकर रखें, जिससे अधिकतर काम समय पर पूरे होते जाएंगे। विद्यार्थियों तथा युवाओं को इंटरव्यू व करियर संबंधी परीक्षा में सफलता की पूरी संभावना है। इसलिए...

और पढ़ें