पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

लोग कर रहे विरोध:15 साल पूर्व 50 लाख रुपए लागत से बनने वाले उजाड़ बगीचे में बनाएंगे दुकानें

पेटलावद14 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
शिकायत करने एसडीएम के पास पहुंचे लोग। - Dainik Bhaskar
शिकायत करने एसडीएम के पास पहुंचे लोग।

15 से 17 साल पूर्व वर्तमान परिषद के मुख्य कार्यकाल में पेटलावद के वार्ड क्रं. 5 अस्पताल के पास पुरानी मुख्य मार्ग पर स्थित खाली भूमि पर लगभग 50 लाख की लागत से बगीचे का निर्माण प्रारंभ किया था।

नगर के परिवार सहित बच्चों के मनोरंजन के नाम पर कोई सुविधा नहीं होने से आमजन में प्रसन्नता थी कि बच्चों को खेलने व घूमने का स्थान मिलेगा, लेकिन कुछ झूला चकरी लगाने के बाद अचानक काम बंद कर दिया गया। ठेकेदारों को भुगतान भी कर दिया।

बाद में अस्तित्व में आई नई परिषद में संकल्प पारित कर बगीचे के नाम पर भी जांच की मांग की कलेक्टर से की। लेकिन आज तक उक्त प्रकरण में क्या हुआ कोई नहीं जानता। लोकायुक्त प्रकरण गया लेकिन वहां से भी जांच के नाम पर निराशा हाथ लगी।

15 साल बाद बनी परिषद के मुख्य मनोहर लाल भटेवरा निर्माण के दौरान तत्कालीन एसडीएम आईएससी हर्षल पंचोली ने नगर में बगीचे के महत्व को देखते हुए तहसील कार्यालय के सामने बने अशोक स्तंभ के सीमित मैदान पर सामाजिक संस्थाओं व दानदाताओं के सहयोग से झूले चकरी आदि लगाकर बच्चों के लिए अच्छी व्यवस्था करा दी थी।

इस प्रयास को वर्तमान परिषद में अध्यक्ष ने नगर में बगीचा होना मानकर 50 लाख की लागत वाले उजाड़ बगीचे की भूमि पर दुकानें बनाने का निर्णय ले लिया।

विज्ञप्ति का प्रकाशन :

इसके लिए एक विज्ञप्ति का प्रकाशन करते हुए दिनांक 6 सितंबर 2021 तक दुकान निर्माण के लिए टेंडर आमंत्रित कर लिया गए। विज्ञप्ति प्रकाशन की जानकारी जब लोगों तक पहुंची तो लोगों ने आक्रोशित होकर नगर परिषद के पूर्व उपाध्यक्ष सुरेंद्र भंडारी बबलू भट्ट राजेंद्र चौहान प्रदीप कुमावत सहित अनेक लोगों ने कलेक्टर सोमेश मिश्रा सहित एसडीएम शिशिर गेमावत व मनोज शर्मा को की।

आपत्ति में बताया कि बगीचे के स्थान पर दुकान नहीं बनाए जाने चाहिए नगर के बीचों बीच मुख्य मार्ग के पास बगीचे के लिए पर्याप्त स्थान बगीचे व पूर्व में बगीचे के नाम पर व्यय किए गए लाखों रुपए के जवाबदेही तय कर उच्च स्तरीय जांच कराई जानी चाहिए।

आपत्ति आई है, जांच करेंगे
दुकान निर्माण नहीं कराने को लेकर आपत्ति आई है परीक्षण और जांच के बाद जनहित में निर्णय लिया जाएगा।
शिशिर गेमावत, एसडीएम, पेटलावद

पुन: विचार करेंगे

निर्णय परिषद का था फिर भी आपत्ति मिली है, पुनः विचार किया जाएगा।
मनोज शर्मा, सीएमओ, नगर परिषद, पेटलावद

जन आंदोलन करेंगे
अगर बगीचे के स्थान पर दुकानें बनाई गई तो जन आंदोलन के साथ न्यायालय भी जाएंगे।
सुरेंद्र भंडारी, पूर्व उपाध्यक्ष, नगर परिषद पेटलावद

मैंने भी विरोध किया
बगीचा वार्ड क्र. 5 में होने से मैंने भी दुकान निर्माण का विरोध किया है।
लाला चौधरी, पार्षद, वार्ड क्रं 5

खबरें और भी हैं...