पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

प्रोत्साहन:परिवार की सुरक्षा की चिंता किए बिना सेवा की, आपको मेरा नमन है : आचार्यश्री

राणापुरएक महीने पहले
  • कॉपी लिंक
आचार्य रामानुजजी ने एएनएम सबीना परमार के बेटे को भी रूद्राक्ष माला पहनाई। - Dainik Bhaskar
आचार्य रामानुजजी ने एएनएम सबीना परमार के बेटे को भी रूद्राक्ष माला पहनाई।
  • शॉल और श्रीफल भेंट कर 41 कोरोना योद्धाओं का आचार्यश्री रामनुजजी ने किया सम्मान

कोरोना की पहली और दूसरी लड़ाई में आप जैसे धीर, वीर, गंभीर अधिकारी-कर्मचारी ने अपनी व अपने परिवार की सुरक्षा की चिंता किए बिना सबकी सेवा की। आपकी प्रशंसा के लिए मेरे पास कोई शब्द नहीं है, मैं आपको नमन करता हूं। उक्त उद्गार श्री राम कथा मर्मज्ञ आचार्यश्री रामानुजजी ने कोरोना योद्धाओं के सम्मान के अवसर पर व्यक्त किए। वे स्थानीय राम मंदिर में गुरुवार रात को बोल रहे थे। नगर की ओर से आचार्य का सम्मान तहसीलदार रविंद्रसिंह चौहान, बीएमओ डॉ. जीएस चौहान, टीआई टीएस डावर व पूर्व नप अध्यक्ष गोविंद अजनार ने शॉल श्रीफल भेंटकर किया। आचार्य श्री रामानुज झाबुआ, राणापुर और श्री पिपलखूंटा तीर्थ के दो दिवसीय प्रवास पर आए थे। उनका मकसद कोरोना की दूसरी लहर में खोए अपने अनुयायियों के परिवार को धैर्य, साहस और सांत्वना देने का था। राणापुर के भक्तों ने इस प्रवास को यादगार बनाने के लिए राशन वितरण, गो पूजन एव सम्मान समारोह का आयोजन किया।

शहर के तड़वी फलिया स्थित कालिका माता मंदिर परिसर में राशन के 101 पैकेट वितरित किए। गोशाला में गो पूजन किया। पश्चात सोनी मंदिर में सम्मान समारोह आयोजित किया गया। जिसमें शहर के स्वास्थ्य, पुलिस, नगर परिषद और राजस्व विभाग के 41 योद्धाओं का शाल, श्रीफल, रुद्राक्ष माला एवं प्रशस्ति पत्र से रामानुजजी ने सम्मान किया।

रमेश सोनी, गोपाल हरसोला, गोविंद अजनार, कैलाश डामोर, निखिल पंड्या, नीलम पंचोली, प्रकाश हरसोला, महेश हरसोला, कीर्तिश राठौड़, पार्षद मांगू भाई, कन्हैयालाल पाठक, दामोदर उपाध्याय, अवि सकलेचा ने श्री रामानुजजी का स्वागत किया। संचालन कार्यक्रम के सूत्रधार सुरेश समीर ने किया। आभार हरिकथा समिति अध्यक्ष गंभीरमल राठी ने माना।

खबरें और भी हैं...