पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

हाईकोर्ट में PSC पेश नहीं कर पाया डाटा:PSC भर्ती परीक्षा 2019-20 की वैधानिकता सहित 8 याचिकाओं पर होनी थी सुनवाई

जबलपुर5 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
PSC हाईकोर्ट में नहीं पेश कर पाया डाटा। अब 23 सितंबर को होगी सुनवाई। - Dainik Bhaskar
PSC हाईकोर्ट में नहीं पेश कर पाया डाटा। अब 23 सितंबर को होगी सुनवाई।

PSC भर्ती परीक्षा 2019-20 की वैधानिकता सहित परीक्षा नियम 2015 में किए गए संशोधन की संवैधानिकता को दी गई चुनौती वाली 8 याचिकाओं की 14 सितंबर को हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। चीफ जस्टिस मोहम्मद रफीक और जस्टिस विजय कुमार शुक्ल की डबल बेंच में हुई इस सुनवाई के दौरान PSC ने पहले के आदेश के क्रम में डाटा पेश करने की और मोहलत मांगी। अब इन सभी मामले की अंतिम सुनवाई 23 सितंबर को होगी।

चीफ जस्टिस की अध्यक्षता वाली डिवीजन बेंच ने दो सितंबर को सुनवाई के दौरान पीएससी से पिछली परीक्षाओं में कितने आरक्षित श्रेणी के अभ्यर्थी अनारक्षित वर्ग में चयनित हुए हैं, के संबंध में डाटा मांगा था। PSC को 13 सितंबर तक ये डाटा कोर्ट में प्रस्तुत करने थे, लेकिन वह पेश नहीं कर पाया। PSC की ओर से अधिवक्ता प्रशांत सिंह और राज्य सरकार की ओर से आशीष बर्नाद ने पक्ष रखा।

राज्य सरकार विवादित आदेश को निरस्त करने वाली है

PSC की ओर से अधिवक्ता प्रशांत सिंह ने डाटा पेश करने की और मोहलत मांगी। कोर्ट को बताया कि राज्य सरकार विवादित नियमों के संदर्भ में सकारात्मक निर्णय लेने वाली है। बता दें कि 21 जनवरी 2021 को कोर्ट ने अंतरिम आदेश पारित कर PSC की पूरी भर्ती प्रक्रिया को याचिका के निर्णयाधीन घोषित किया है।

इस बैठक का दिया गया हवाला

24 अगस्त 2021 को भोपाल में पिछड़ा वर्गों के सभी संगठनों की संयुक्त बैठक हुई थी। इसमें ओबीसी एडवोकेट्स वेलफेयर एसोसिएशन सहित 18 संगठनों ने सीएम से 54 सूत्रीय मांग पत्र सौंपते हुए आरक्षित वर्गों के हितों के विपरीत बनाए गए संशोधित नियम 17 फरवरी 2020 को निरस्त करने की मांग की थी। सीएम ने इसे निरस्त करने का आदेश दिया है। इस कारण PSC का कोर्ट में दिया गया बसान इसी से संदर्भित माना जा रहा है। याचिकाकर्ताओं की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता विवेक तन्खा, रामेशवर सिंह ठाकुर, विनायक प्रसाद शाह व रामभजन लोधी ने पक्ष रखा।

खबरें और भी हैं...