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  • Due To Tau Te And Yas Storm, This Time The Humidity Is More In May, Monsoon Will Knock Between June 15 20.

तपन कम, तूफान का असर:ताऊ ते और यास तूफान की वजह से इस बार मई में उमस ज्यादा, 15-20 जून के बीच दस्तक देगा मानसून

खंडवा19 दिन पहले
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  • नौतपा के पांचवें दिन 41.5 से आगे नहीं बढ़ा पारा
  • जबकि पिछले साल शुरूआत 44.1 डिग्री सेल्सियस से हुई थी

चक्रवाती तूफान ताऊ ते, यास और अब पांच पश्चिमी विक्षोभ की वजह से इस बार मई में पहले जैसी गर्मी नहीं पड़ी। क्योंकि मई की शुरुआत में ही पश्चिमी विक्षोभ के कारण बने सिस्टम्स की वजह से तापमान नहीं बढ़ा और न ही राजस्थान, गुजरात से गर्म हवा आई। तूफानों के कारण अधिकतम तापमान 41.5 डिग्री से ज्यादा नहीं बढ़ा।

पिछले साल मई की शुरुआत ही 43.5 डिग्री तापमान से हुई थी। मौसम विशेषज्ञ शैलेंद्र कुमार नायक के मुताबिक 29 मई से जून के पहले सप्ताह तक तापमान बढ़ेगा। नौतपा के खत्म होते ही प्री-मानसून की गतिविधियां शुरू होंगी। इधर शनिवार रात 12 बजे 5 मिनट बारिश हुई।

यास का असर खत्म, हवा का बदलेगा रुख
भाेपाल के मौसम वैज्ञानिक गुरुदत्त मिश्रा के मुताबिक इस बार केरल में 31 मई तक मानसून की दस्तक देने की उम्मीद है। इस कारण हवा का रुख बदलना शुरू हो जाएगा। जून में भी तापमान बढ़ने की संभावना नहीं है। यास तूफान का असर खत्म हो चुका है। पूर्वी उप्र के ऊपर कम दबाव का क्षेत्र और राजस्थान के ऊपर प्रेरित चक्रवात बना हुआ है। खंडवा व आसपास के शहरों में 42 डिग्री से अधिक नहीं बढ़ेगा। खंडवा में मानसून 15 से 20 जून के बीच दस्तक देगा।

ताऊ ते के कारण इस बार मई में बारिश
अरब सागर से उठे ताऊ ते तूफान के कारण इस साल 16 मई की शाम तेज हवा व अंधड़ के कारण 8 मिमी बारिश हुई। इस दिन तापमान 41.1 दर्ज किया गया था। ग्रामीण क्षेत्रों में इसका असर देखा गया। जबकि 17 मई को अधिकतम तापमान 4 डिग्री तक गिर गया। 19 मई को 36.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जो कि मई माह का सबसे कम तापमान है। इधर अंचल के ओंकारेश्वर, किल्लौद ब्लॉक के 15 से अधिक गांव में यास तूफान से भारी नुकसान हुआ।

आज या कल टकरा सकता है केरल में मानसून
अरब सागर का मानसून 30 या 31 मई को केरल में दस्तक देगा। यह मुंबई से होकर आता है। प्रदेश में सबसे पहले मालवा-निमाड़ में असर दिखाता है।

बंगाल की खाड़ी वाला मानसून ज्यादा बरसता है
निमाड़ व मप्र में अरब सागर व बंगाल की खाड़ी वाला मानसून दोनों सक्रिय रहते हैं। लेकिन बंगाल की खाड़ी में बना सिस्टम ज्यादा बरसता है।

20 जून तक खंडवा पहुंचता है मानसून
मानसून 30 मई तक केरल पहुंचने के बाद प्रदेश का रुख करता है। इंदौर से पहले खंडवा में 19 से 20 जून तक मानसून पहुंच जाता है। विदाई 22 सितंबर है।
निसर्ग तूफान के असर से कमजोर थी शुरुआत
अरब सागर से उठे निसर्ग तूफान की वजह से जून 2020 में पहले हवा, आंधी के साथ बारिश हुई थी। इस कारण मानसून की शुरुआत कमजोर रही थी।

जिले में दो साल में ऐसा रहा मानसून

  • 2019 में 24 जून की सुबह 6 से 7.30 बजे दक्षिण-पश्चिम मानसून ने दस्तक दी। 24 घंटे जोरदार बारिश हुई।
  • 2020 में 15 जून को दक्षिण-पश्चिम मानसून ने दस्तक दी थी। पहले ही दिन सवा दो इंच बारिश दर्ज की गई थी।

इस बार एक दिन भी लू नहीं चली
निमाड़ अंचल के खंडवा, बुरहानपुर, खरगोन व बड़वानी में अधिकतम तापमान 44 से 45 डिग्री तक पहुंचने पर गर्म हवा व लपटें चलती हैं, लेकिन इस बार लू-लपट नहीं चली।

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