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मौसम अपडेट:नौतपा 25 से, 4 दिन गर्म, 5 दिन बारिश होने की संभावना, 20 जून तक मानसून

खंडवाएक महीने पहले
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बारदान नहीं होने से खरीदी केंद्र मांडला व सिहाड़ा में गेहूं खुला पड़ा है। - Dainik Bhaskar
बारदान नहीं होने से खरीदी केंद्र मांडला व सिहाड़ा में गेहूं खुला पड़ा है।
  • इस बार भी प्री-मानसून में अच्छी बारिश होने की संभावना

नौतपा इस बार 25 मई से शुरू होगा, जो 2 जून तक रहेगा। इन नौ दिनों में शुरुआती चार दिन ज्यादा गर्म रहेंगे, जबकि पांच दिन बारिश होने की संभावना है। वहीं जिले में 15 से 20 जून तक मानसून दस्तक दे सकता है। यदि ऐसा होता है तो जिले में मानसून समय पर ही आएगा। इससे पहले जिलेभर में उमस वाली गर्मी से लोग परेशान हो गए हैं।

विगत 45 दिनों से अधिकतम तापमान 40 से 43 डिग्री के बीच रिकार्ड हो रहा है। रात का तापमान 24 से 25 डिग्री तक रिकार्ड स्तर तक पहुंच रहा है। इस सीजन का सर्वाधिक तापमान 29 अप्रैल व 8 मई को 43.1 डिग्री रिकार्ड हुआ।

मौसम विभाग ने संभावना जताई है कि शुरुआत के चार दिन ज्यादा तपेंगे, जबकि पांच दिनों में बारिश व हवा-आंधी के आसार है। अनुमान है कि इस बार भी नौतपा में भीषण गर्मी से राहत मिलेगी।

मौसम वैज्ञानिक बोले ऐसा तीसरा साल है

केरल में दक्षिण-पश्चिम मानसून जून के पहले सप्ताह में दस्तक देगा। निमाड़ अंचल में 15 से 20 जून के बीच मानसून का प्रवेश होने की संभावना है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक यह लगातार तीसरा साल है जब मानसून के पहले अरब सागर में चक्रवाती तूफान बन रहा है। इसके कारण प्री-मानसून में ही अच्छी बारिश होने की संभावना है।

आगे क्या

आगामी 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कुछ स्थानों पर बारिश के साथ बिजली चमकने व हवा-आंधी की संभावना है। 16 से 22 मई के बीच गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। तूफान ताऊ ते 18 मई की सुबह गुजरात तट पर पहुंचने व शाम को पोरबंदर और नलिया के बीच गुजरात तट को पार करने की संभावना है।

5 हजार मीट्रिक टन गेहूं खुले में

जिले में समर्थन मूल्य पर खरीदी बंद रहेगी या चालू, एक भी जिम्मेदार अधिकारी नहीं बता पाया। इधर, बारदानों की कमी के चलते किसान उपज बेचने के लिए देर रात तक परेशान होते रहे। केंद्रों के बाहर ट्रैक्टर ट्रालियों की लंबी कतारें लगी रहीं। अधिकारी भी देर रात तक शासन व प्रशासन के आदेश का इंतजार करते रहे।

जिले के 79 उपार्जन केंद्रों पर 27 मार्च से समर्थन मूल्य पर खरीदी शुरू हुई थी। शासन ने जिले के लिए खरीदी का लक्ष्य 2.30 लाख मीट्रिक टन व अंतिम तारीख 15 मई घाेषित की थी। शनिवार को खरीदी का अंतिम दिन था। जिला सहकारी केंद्रीय बैंक के महाप्रबंधक एके हरसौला ने बताया गेहूं खरीदी का शनिवार को अंतिम दिन था। खरीदी बंद करनी है चालू रखनी है, इसके आदेश नहीं आए।

यहां खुले में पड़ा गेहूं

हरसूद, खालवा, पुनासा के कई केंद्रों पर गेहूं खुले में पड़ा है। शनिवार को बांगरदा केंद्र पर 1500 बोरी, केहलारी में 1200 बोरी, सिहाड़ा 500, मांडला में 400 बोरी गेहूं खुले में पड़ा था। ऐसी ही स्थिति जिले के कुछ और केंद्रों की भी थी।

4 लाख बारदान कम

समर्थन मूल्य खरीदी के दौरान सबसे बड़ी समस्या बारदानों को लेकर हो रही है। उपार्जन केंद्रों पर शनिवार तक करीब 2 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीदा जा चुका है। अंतिम दिन भी सैकड़ों किसान कतार में उपज लेकर खड़े थे। खाद्य विभाग के अनुसार इनके पास 15 हजार मीट्रिक टन व खुले में 5 हजार मीट्रिक टन गेहूं होगा, जिसकी भराई के लिए 4 लाख बारदाने चाहिए, जो कि नहीं है।

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