गोबर, गोमूत्र से स्नान कर मुसलमान शख्स बना हिंदू:मंदसौर में पशुपतिनाथ मंदिर में धर्म परिवर्तन; कहा- राजपूत हैं मुस्लिमों के पूर्वज

मंदसौर3 महीने पहलेलेखक: दीपक शर्मा

मंदसौर के रहने वाले एक शख्स ने मुसलमान धर्म छोड़कर हिंदू धर्म अपना लिया। अब शेख जफर शेख पिता गुलाम मोइनुद्दीन शेख को चेतन सिंह राजपूत के नाम से जाना जाएगा। उनकी पत्नी पहले ही हिंदू धर्म से हैं। शुक्रवार को उन्होंने भगवान पशुपतिनाथ मंदिर प्रांगण में धर्म परिवर्तन किया। 46 साल के शेख को महामंडलेश्वर स्वामी चिदंबरानंद सरस्वती द्वारा विधि-विधान से पूजन हवन कर हिंदू धर्म की दीक्षा दी गई। इस दौरान उन्हें गोबर और गोमूत्र से स्नान भी करवाया गया।

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हिंदू धर्म अपनाने के बाद उन्होंने कहा- यह घर वापसी है। बचपन से ही मेरा झुकाव हिंदू धर्म की ओर था, इसी वजह से मैंने हिंदू धर्म की युवती से शादी की थी। अब तक मैं खुद को अधूरा महसूस कर रहा था, लेकिन अब हिंदू धर्म अपनाने के बाद मैं पूर्ण रूप से हिंदू हो गया हूं। इससे मुझे शांति का अनुभव हो रहा है। इस मौके पर सांसद सुधीर गुप्ता और विधायक यशपाल सिंह सिसोदिया ने भी मंदिर पहुंचकर उन्हें घर वापसी पर शुभकामनाएं दीं। विधायक सिसोदिया तो पूरी प्रक्रिया के दौरान मंदिर में ही रहे।

चेतन ने गोमूत्र और गोबर लगाकर स्नान किया।
चेतन ने गोमूत्र और गोबर लगाकर स्नान किया।

दैनिक भास्कर रिपोर्टर दीपक शर्मा ने हिंदू धर्म अपनाने वाले चेतन सिंह राजपूत से बात की...

रिपोर्टर : आज आपने धर्म परिवर्तन किया, इसकी क्या वजह है?
चेतन :
घर वापसी की है, परिवर्तन का कोई प्रश्न नहीं है। पूरे ब्रह्मांड में जितने लोग हैं, सभी सनातनी हैं, जो कन्वर्ट होकर इधर-उधर हो गए हैं। जो लोग यहां-वहां भटक रहे हैं, वे हिम्मत दिखाएं और अपने मूल सनातन में वापस लौट आएं, क्योंकि यहीं पर शांति मिलेगी।

रिपोर्टर : परिवार ने विरोध नहीं किया?
चेतन :
मैं शुरुआत से ही सनातन धर्म का पालन करता आया हूं। मेरे घर में मंदिर हैं, परिवार में कभी किसी ने विरोध नहीं किया। सभी लोग सुलझे हुए हैं, कोई भी कट्‌टर विचारों वाला नहीं है।

रिपोर्टर : आपने हिंदू लड़की से लव मैरिज की, क्या यही कारण है इसका?
चेतन :
मैंने हिंदू लड़की शारदा से लव मैरिज इसलिए की थी, क्योंकि मैं सनातन धर्म को मानता हूं। यदि मैं मुस्लिम लड़की से शादी करता तो वह मुझे पूजा-पाठ नहीं करने देती। ऐसे में उसे भी और मुझे भी परेशानी होती। इसलिए मैंने सब कुछ सोच-समझकर किया।

हिंदू धर्म स्वीकार करने के दौरान पूजन करते हुए चेतन।
हिंदू धर्म स्वीकार करने के दौरान पूजन करते हुए चेतन।

रिपोर्टर : राजपूत ही क्यों...?
चेतन : जो मुस्लिम हैं, उनके पूर्वज राजपूत थे। इसलिए यह नाम चुना गया।

रिपोर्टर : मुस्लिम समाज से विरोध के स्वर उठे तो क्या करेंगे?
चेतन:
देश के संविधान के अनुरूप सभी अपनी मर्जी से किसी भी धर्म के प्रति आस्था रख सकते हैं। इसमें किसी को कोई परेशानी नहीं होनी चाहिए और अगर होती है तो वह कट्टरता है। जो कट्‌टर हैं वो विरोध करेंगे। जो समझदार हैं वे विरोध नहीं करेंगे। यदि वे विरोध करते हैं तो गलत है, यह तो आस्था का विषय है।

रिपोर्टर : जब आप सनातन धर्म को पहले से मान रहे थे तो फिर आज इसकी जरूरत क्यों पड़ी?
चेतन:
मैं कहीं न कहीं खुद को अधूरा मान रहा था, एक जगह स्थित नहीं हो पा रहा था, आज मैं संपूर्ण हो गया हूं। अब धर्म परिवर्तन के बाद मैं पूर्ण रूप से हिंदू है और परम शिव भक्त भी।

महामंडलेश्वर ने संपन्न करवाई धर्म परिवर्तन की विधि।
महामंडलेश्वर ने संपन्न करवाई धर्म परिवर्तन की विधि।

वे शुरू से ही शिव भक्त: विधायक
पंचायती अखाड़ा महानिर्वाणी के महामंडलेश्वर स्वामी चिदंबरानंद सरस्वती ने कहा- उनकी इच्छानुसार आज उन्हें नया नाम देकर उनकी घर वापसी की गई है। पूरे विधि-विधान से सभी प्रक्रिया निभाई गई है। विधायक यशपाल सिंह सिसोदिया ने कहा- वे शुरू से ही भगवान शिव के भक्त हैं। कल तक वे जफर शेख थे, अब वे चेतन के नाम से जाने जाएंगे। नाम के साथ संस्कार और विचार परिवर्तन हुआ है। उन्होंने एक नई शुरुआत की है।

पूजा पाठ करते हुए चेतन सिंह राजपूत।
पूजा पाठ करते हुए चेतन सिंह राजपूत।