सबलगढ़ में एक भी महिला शौचालय नहीं:नपा क्षेत्र के 18 वार्डों समेत मुख्य बाजार में महिला प्रसाधन की सुविधा नहीं

सबलगढ़एक महीने पहले
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नगर सबलगढ़ में एक भी महिला शौचालय नहीं है। जितने भी शौचालय बने हैं वे सभी पुरुष शौचालय होकर उनमें भी गंदगी पसरी है। साफ सफाई की ओर नगरपालिका का ध्यान नहीं है। इसी वजह से अधिकांश पुरुष भी शौचालय का उपयोग नहीं करते। इधर बाजार में सामान की खरीदारी के लिए आने वाली महिलाएं प्रसाधन के लिए परेशान होती हैं।

मंडी की पांचों संतरों में सभी तरह का बाजार लगता है । आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से खरीदारी व इलाज कराने के लिए महिलाएं कस्बा में आती हैं। शासकीय कार्य से भी महिलाएं सबलगढ़ आती हैं। शौचालय की सुविधा उपलब्ध ना होने से उन्हें मजबूरी में इधर उधर भटकना पड़ता है। नगर का बड़ा बाजार, चंबल कॉलोनी, पंजाबी बाग कॉलोनी, सुनहरा क्षेत्र, महाराणा प्रताप नगर में महिला शौचालय की कोई व्यवस्था नहीं है।

पूरे शहर में एकमात्र महिला शौचालय रेलवे स्टेशन पर बना है जो वर्तमान में रेलवे बंद होने से उसमें भी ताला डाला है। बस स्टैंड में भी सुलभ कांप्लेक्स होने से एकमात्र महिला शौचालय है लेकिन वहां पर सवारी बस खड़ी रहती हैं लगातार भीड़ रहती है इसलिए उसका महिलाओं के हित में कोई ज्यादा सदुपयोग नहीं हो पाता।

वहीं सबलगढ़ में समाज सेवा से जुड़ी अनेक महिलाओं का कहना है लगभग सभी नगरों में महिलाओं के हित में महिला शौचालय बनाए जाते हैं जब भी कोई शौचालय का निर्माण होता है तो पुरुष शौचालय एवं महिला शौचालय अलग-अलग बनाए जाते हैं हमारी आज तक समझ में नहीं आया की आधी आबादी के लिए शासन प्रशासन ने अभी तक वॉशरूम क्यों नहीं बनवाए हैं।

वर्तमान में नगर पालिका परिषद के चुनाव की प्रक्रिया जारी है । सभी 18 वार्डों में से महिला आरक्षित वार्ड भी है। राजनीतिक दलों द्वारा अपने उम्मीदवार पार्षद पद के लिए खड़े किए गए हैं लेकिन किसी भी उम्मीदवार की प्राथमिकता में महिला शौचालय नहीं है। नगर पालिका सबलगढ़ के सीएमओ योगेंद्र सिंह तोमर का कहना है यदि नगर में कोई महिला शौचालय नहीं है तो चुनाव के बाद हम जरूर बनाएंगे।

तहसील दार मनीषा कॉल का कहना है नगर में शौचालय होना चाहिए। वर्तमान मे सबलगढ़ नगर पालिका की प्रशासक एसडीएम वंदना जैन हैं। मैं सीएमओ को अभी बोलती हूं कि वह महिलाओं के लिए शौचालय अवश्य बनवाएं।

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