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  • Went To Defecation 10 Year Old Child, Leopard Hidden By Bushes, Knocked Neck In The Mouth, Stoned And Rescued

10 साल के बच्चे पर तेंदुए का हमला:रात में शौच के लिए गया था, झाड़ियों में छिपे तेंदुए ने गर्दन दबोची, फूफा ने पत्थर मारकर छुड़ाया

धार8 महीने पहले
इलाज के बाद फिलहाल खतरे से बाहर है बच्चा।
  • अमझेरा वन क्षेत्र में पिछले एक साल में 10 बच्चों पर हो चुका है हमला

जिले के अमझेरा वन क्षेत्र में तेंदुए के हमले की घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रही। शनिवार देर रात पांचपिपल्या पंचायत के मजरे जमानियापाड़ा में शाैच करते समय 10 वर्षीय बच्चे पर तेंदुए ने हमला कर दिया। तेंदुए ने उसकी गर्दन मुंह में पकड़ ली। शोर सुनकर बच्चे के फूफा ने पत्थर मारा। तेंदुआ बालक को छोड़ उन पर हमला करने वाला था, इतने में दूसरे ग्रामीण भी पहुंच गए। तब जाकर तेंदुआ जंगल की तरफ भागा।

शनिवार देर रात 10 वर्षीय ज्ञानसिंह तूफान घर से करीब 15 फीट दूर खेत में शौच के लिए गया था। इस दौरान पहले से झाड़ियों में छुपे तेंदुए ने हमला कर दिया। बच्चे ने शोर मचाया। थोड़ी दूर मौजूद बच्चे के फूफाजी मेहताब मानसिंह उसके पास दौड़े। मेहताब ने बालक का गला तेंदुए के मुंह में दबा देख पत्थर उठाकर तेंदुए पर मारा। तेंदुआ बालक को छोड़ मेहताब की ओर पलटा।

तेंदुआ मेहताब की तरफ बढ़ा ही था कि अन्य ग्रामीण भी पहुंच गए। ग्रामीणाें ने पत्थर फेंके तो तेंदुआ जंगल की तरफ भाग गया। घायल बालक को लेकर परिजन अमझेरा अस्पताल पहुंचे। बालक की गर्दन और कान के पास तेंदुए के दांतों के निशान हैं। डॉ. एके चौधरी ने बालक की टांके लगाए।

डॉक्टर ने बच्चे की गर्दन पर टांके लगाए।
डॉक्टर ने बच्चे की गर्दन पर टांके लगाए।

परिजन बोले- 4 दिन से घूम रहा तेंदुआ

परिजन के मुताबिक तेंदुआ पिछले चार दिनों से क्षेत्र में घूम रहा है। इसकी सूचना वन विभाग को दी थी, लेकिन कोई नहीं पहुंचा। देर रात घटना के बाद भी वन विभाग का कर्मचारी घटनास्थल पर नहीं पहुंचे।

एक साल में 10 बच्चों पर हमला, 5 की मौत

पिछले एक साल में अमझेरा जंगल क्षेत्र में करीब 10 बच्चों पर तेंदुआ हमला कर चुका है। इसमें से 5 बच्चों की मौत हाे चुकी है। वन विभाग लगातार बढ़ रही घटनाओं के बाद भी नहीं जागा है, जबकि यहां रहने वाले लोग दहशत में हैं।

वन विभाग जिराबाद के डिप्टी रेंजर इकबाल बैग मिर्जा ने बताया, रेस्क्यू टीम के साथ घटनास्थल व आसपास के जंगलों में रविवार सुबह से सर्चिंग कर रहे हैं। पगमार्क नहीं मिले हैं। आसपास क्षेत्र के ग्रामीणाें काे सूचना कर दी है, वे रात में घरों के अंदर ही सोएं। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशानुसार तेंदुए को पकड़ने के लिए जल्द पिंजरा लगाया जाएगा।

एक माह पूर्व बालिका पर किया था हमला

अमझेरा के पास गूंगीदेवी के मजरे मुवाड़ में एक माह पूर्व काका के साथ मवेशी चराने गई सात वर्षीय कविता पिता मुकाम पर तेंदुए ने हमला किया था। इसके चार माह पूर्व वन ग्राम गनियारा में पिता के साथ घर के बाहर सो रही मासूम बालिका गुड़िया को तेंदुआ उठा ले गया था।

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