कथित राशन घोटाला:पोर्टल व रजिस्टर में पूरी एंट्री, रुपए भी ज्यादा लेकिन राशन कम, हर माह 15 किलो खाद्यान्न की चपत

जावरा8 महीने पहले
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  • एसडीएम व फूड ऑफिसर से की शिकायत

सरकारी उचित मूल्य दुकानों पर कई उपभोक्ताओं को राशन की चपत लगाई जा रही है। राशन दुकानदार पोर्टल और खुद की दुकान के रजिस्टर में तो पूरी एंट्री कर रहे और उपभोक्ता के राशनकार्ड में सिर्फ उतना लिख रहे जितना राशन दिया जा रहा ताकि गड़बड़झाला पकड़ में ना सकें जबकि उनसे रुपए पूरे वसूले जा रहे।

ऐसा ही एक मामला भारत प्राथमिक उपभोक्ता भंडार का सामने आया है। उपभोक्ता ने इसे लेकर एसडीएम व खाद्य अधिकारी से शिकायत की है। अब वे जांच की बात कह रहे हैं। इसके बाद ही स्पष्ट होगा कि गड़बड़ी कितनी और कब से की जा रही है।

नया मालीपुरा निवासी मंजूदेवी दायम ने बताया कि हम हर महीने जुलाईपुरा स्थित भारत प्राथमिक उपभोक्ता सहकारी भंडार से राशन लेते हैं। 6 महीनों से हर महीने हमें केवल 24 किलो गेहूं और 6 किलो चावल तथा एक नमक की थैली दी जा रही। हम समझे कि आगे से ही राशन कम आ रहा होगा। शंका इसलिए नहीं हुई क्योंकि राशनकार्ड में एंट्री भी इतनी ही है।

बीपीएल राशनकार्ड पर प्रत्येक आयटम का रेट एक रुपए किलो है। इस हिसाब से जो राशन हम ले रहे उसके 31 रुपए बनते हैं लेकिन राशन दुकान पर हर महीने 46 से 49 रुपए तक लिए जा रहे हैं। इसे लेकर भी हम सोचते रहे कि शासन ने रेट बढ़ा दिए होंगे। चूंकि घर में कोई ज्यादा पढ़ा-लिखा नहीं इसलिए किसी ने ध्यान नहीं दिया।

इस बार बेटे रामेश्वर ने राशन लेते वक्त पोर्टल व दुकान के रजिस्टर में की जा रही एंट्री पर नजर रखी। तब पता चला कि वहां पूरे 36 किलो गेहूं और 9 किलो चावल की एंट्री की जा रही है। हम परिवार में 9 सदस्य हैं। प्रति व्यक्ति एक किलो चावल व चार किलो गेहूं की पात्रता है। फिर राशनकार्ड में देखा तो इसमें वही 24 व 6 किलो की एंट्री थी।

इस पर आपत्ति ली तो राशन दुकान पर बैठा व्यक्ति बोला कि ठीक है छह महीने में जो कम राशन मिला, वह अब ले लो। फालतू बात मत कीजिए। हमने उससे पात्रता पर्ची मांगी तो वह भी उसने नहीं दी। इसके बाद पुत्र ने एसडीएम व खाद्य आपूर्ति अधिकारी से फोन पर शिकायत की है।

रिकाॅर्ड की जांच करवाएंगे

फोन पर मामले की जानकारी मिली है। उपभोक्ता के राशनकार्ड व दुकान का रिकाॅर्ड जांच करवाएंगे। यदि गड़बड़ी निकलेगी तो निश्चित कार्रवाई की जाएगी।
-पी.के. अहिरवार, खाद्य आपूर्ति अधिकारी जावरा

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