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  • Every Year 30 Lakh Liters Of Rain Water Will Be Saved In The Collectorate Premises, 3 Thousand Saplings Will Also Be Planted

योजना:कलेक्टोरेट परिसर में हर साल सहेजेंगे 30 लाख लीटर वर्षा जल, 3 हजार पौधे भी रोपेंगे

मंदसौरएक महीने पहले
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  • जिले के सुशासन भवन परिसर में सौंदर्यीकरण व वर्षा जल संरक्षण का किया जा रहा कार्य

सुशासन भवन परिसर में सौंदर्यीयकरण, पौधरोपण व वर्षा जल संरक्षण का कार्य किया जा रहा है। यहां परिसर में लगभग 3 हजार अलग-अलग प्रजातियों के पौधे लगाए जाएंगे। जल संरक्षण के लिए परिसर में परकुलेशन पौंड, एक पॉली पौंड बनाया जाएगा। इसमें 30 लाख लीटर पानी एकत्र करेंगे। इसमें मछली, बतख, कछुआ पालन भी होगा। जनसहयोग से कलेक्टर कार्यालय को आदर्श कार्यालय बनाया जाएगा।

कलेक्टर मनोज पुष्प ने बताया कि कलेक्टोरेट परिसर को 12 भागों में बांटकर विभिन्न विकास कार्य कराए जा रहे हैं। परिसर को एक आदर्श बनाने का प्रयास कर रहे हैं। परिसर के निचले हिस्से में कुएं व नलकूप के पास एक परकुलेशन पौंड बनाया जा रहा है।

यह 30 बॉय 20 मीटर एवं 3 मीटर गहरा छोटा तालाब रहेगा। इसमें पिचिंग की जाएगी। परिसर का पानी इसमें एकत्र होगा। इससे जलस्तर बना रहेगा व पानी भरा रहने पर इसमें मछली, बतख एवं कछुए पालन की भी योजना है। वहीं पास में एक 20 फीट गहरा पॉली

पौंड बनाया जा रहा है। इसमें पाल बिछाकर बारिश का करीब 18 लाख लीटर पानी जमा होगा। गर्मी में इसका पानी छोटे तालाब में पहुंचाया जाएगा।

आप भी कर सकते हैं सहयोग : जिला पंचायत सीईओ ऋषव गुप्ता ने बताया कि इस कार्य के लिए सभी कर्मचारी संगठन, गैर सरकारी संस्थाओं, सिविल सोसायटी के समूह 4 माध्यमों से सहयोग कर सकते हैं।

  • पौधरोपण के लिए कोई भी संस्था, समूह, संघ 50 लोगों की एक दिनी श्रमदान की योजना बनाकर सहयोग कर सकते हैं। इसके लिए नोडल अधिकारी सहायक इंजीनियर सुनील व्यास (मोबाइल : 9425107289) रहेंगे। श्रमदान के लिए उपकरण कलेक्टोरेट से ही प्रदान किए जाएंगे।
  • गुप्ता ने बताया कि बहुत से पौधे शासकीय नर्सरियों से प्राप्त किए जा रहे हैं। जनसहयोग से आप भी रॉयल पाम, अशोक, केशिया सायमा, मौलश्री, बौटलब्रश, सफेद चंपा, सेमल, सप्तपर्णी, अमलतास, इमली, बिल पत्र, बादाम, खीरणी, पलाश, कदम व कनकचम्पा के पौधे (पांच फीट या अधिक ऊंचाई के) उपलब्ध करवा सकते हैं।
  • गुप्ता ने बताया कि एक पौधे को लगभग 3 साल की देखरेख की आवश्यकता होती है। इस कार्य के लिए कलेक्टोरेट जनभागीदारी विकास समिति के नाम से बना हुए भारतीय स्टेट बैंक के खाता क्रमांक 34309905827 एवं आईएफएससी कोड SBIN0016550 में धनराशि जमा कर सकते हैं। इसके लिए नोडल अधिकारी ठाकरे (मोबाइल : 9617035029) से संपर्क कर सकते हैं।
  • सौंदर्यीकरण के लिए बैठक बैंच, झूले, पानी के फाउंटेन व ओपन जिम के उपकरण भी दान में दिए जा सकते हैं। इसके लिए नोडल अधिकारी एसडीएम बिहारीसिंह (मोबाइल : 8770323945) रहेंगे।

मियावाकी तकनीक से लगाए जाएंगे पौधे
कलेक्टर ने बताया कि अर्नामेंटल पौधों का सुंदर परिसर बनाया जा रहा है। मियावाकी तकनीक से एक मिनी जंगल भी लगाया जा रहा है। इसमें औषधि पौधों का एक गार्डन का विकास किया जा रहा है। कैंटीन के सामने सुंदर बैठक व्यवस्था का निर्माण हो रहा है तथा कार्यक्रमों के आयोजन के लिए ओपन एयर थिएटर बनाने की भी कार्ययोजना है। साथ ही एक ओपन जिम स्थापित की जाएगी।

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