पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App
  • Hindi News
  • Local
  • Mp
  • Ratlam
  • Mandsaur
  • When The Injured Showed X ray Fractures In The Accident, The Government Doctor Said: Fracture Is Not There, Fracture Occurred In Private Hospital X ray

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

जिला अस्पताल:हादसे में घायल ने एक्सरे की फोटाे दिखाई तो सरकारी डॉक्टर बोले : फ्रैक्चर नहीं है, निजी अस्पताल के एक्सरे में फ्रैक्चर निकला

मंदसौर2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
  • जिला अस्पताल में नहीं दे रहे एक्सरे की हार्डकॉपी, मोबाइल में खिंचवा रहे एक्सरे की फोटो, सही रिपोर्ट नहीं बता पा रहे डॉक्टर

जिला अस्पताल में मरीजों को एक्सरे की हार्डकॉपी नहीं दी जा रही है। कर्मचारी मरीजों से कह रहे हैं कि मोबाइल में फोटो खींच लो। यह फोटो देख सरकारी डॉक्टर सही रिपोर्ट नहीं बता पा रहे हैं। ऐसे में मरीजों को निजी अस्पताल जाकर चेकअप कराना पड़ रहा है। सीएमएचओ के अनुसार रुपए बचाने के लिए तत्कालीन कलेक्टर ओपी श्रीवास्तव ने अप्रूवल दिया था। हालांकि यहां एक्सरे मशीन व टेक्नीशियन भी ठीक नहीं हैं। मंगलवार को किटियानी निवासी नरसिंह बड़ोलिया बाइक से गिरने पर घायल हुआ। जिला अस्पताल में इलाज के लिए पहुंचा तो डॉक्टर ने एक्सरे कराने को कहा। दो घंटे तक रिपोर्ट के इंतजार में बैठा रहा। जब रिपोर्ट आई तो कर्मचारी ने हार्डकॉपी देने से मना कर दिया। कहा कि मोबाइल में फोटो खींचकर ले जाओ और डॉक्टर को बता देना। मरीज नरसिंह के अनुसार जब वह मोबाइल की फोटो लेकर डॉ. संजय शर्मा के पास पहुंचा तो उन्होंने कहा कोई फ्रैक्चर नहीं हैं। दवाई खाओ और ठीक हो जाएगा। मरीज को दर्द ज्यादा होने पर उसे आशंका थी कि पैर फ्रैक्चर है। ऐसे में उसने दूसरे दिन बुधवार को निजी अस्पताल में दोबारा एक्सरे करवाया। यहां के डॉक्टरों ने रिपोर्ट देखकर फ्रैक्चर बता दिया।

एक्सरे रिपोर्ट लेकर दोबारा जिला अस्पताल पहुंचा मरीज

मरीज को जब निजी डॉक्टरों ने पैर में फ्रेक्चर बता दिया तो वह एक्सरे रिपोर्ट लेकर जिला अस्पताल के डॉक्टर के पास दोबारा पहुंच गया। डॉक्टर से कहा कि अब इनमें से कौन-सी रिपोर्ट गलत है और कौन-सी सही है, यह तो बता दीजिए। मैं अपने पैर को फ्रैक्चर मानूं या ना मानूं। मरीज ने डॉक्टर से कहा कि आप यह निजी रिपोर्ट में देखकर बता दें। डॉक्टर ने रिपोर्ट देखकर कहा - माइनर फ्रैक्चर है, इस तरह मरीज और डॉक्टर के बीच करीब आधे घंटे तक बहस चली।

आशंका : रुपए के लालच में भेज रहे निजी अस्पताल
मरीज ने आशंका जताई कि जिला अस्पताल के लोग निजी अस्पतालों से मिले हुए हैं। रुपए के लालच में निजी अस्पताल पहुंचाते हैं।
सुधार के लिए सीएस को निर्देश दिए हैं- ^शासन के पास बजट नहीं है इसलिए हार्डकॉपी नहीं दे रहे हैं। रुपए बचाने के लिए तत्कालीन कलेक्टर ओपी श्रीवास्तव ने पांच साल पहले अप्रूवल दिया था। हालांकि एक्सरे मशीन पुरानी हो चुकी है, वहीं टेक्नीशियन भी ठीक नहीं है। सिविल सर्जन को जल्द सुधार के निर्देश दिए गए हैं।
डॉ. के.एल. राठौर, सीएमएचओ

खबरें और भी हैं...

    आज का राशिफल

    मेष
    Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
    मेष|Aries

    पॉजिटिव- इस समय ग्रह स्थितियां पूर्णतः अनुकूल है। सम्मानजनक स्थितियां बनेंगी। विद्यार्थियों को कैरियर संबंधी किसी समस्या का समाधान मिलने से उत्साह में वृद्धि होगी। आप अपनी किसी कमजोरी पर भी विजय हासिल...

    और पढ़ें