जिले में डेंगू के खिलाफ चलाया जा रहा है अभियान:अलीराजपुर कलेक्टर में डेंगू के लक्षण मिले, 8 सितंबर को मंदसौर से रिलीव होकर आए थे

मन्दसौरएक वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
अलीराजपुर कलेक्टर मनोज पुष्प। - Dainik Bhaskar
अलीराजपुर कलेक्टर मनोज पुष्प।

मंदसौर के डेंगू मच्छर का डंक का असर अलीराजपुर कलेक्टर मनोज पुष्प को हुआ है। जानकारी के मुताबिक हाल ही में मंदसौर कलेक्टर पद से रिलीव होकर अलीराजपुर कलेक्टर के पद पर पदस्थ हुए हैं।

8 सितम्बर से मन्दसौर से रिलीव हुए थे
कलेक्टर मनोज पुष्प का ट्रांसफर आदेश 4 सितम्बर को हुआ थे। इसके बाद वे 8 सितम्बर को मंदसौर से रिलीव होकर अलीराजपुर कलेक्टर के रूप पदस्थ हुए थे। रिलीव होने से पहले ही उनका स्वास्थ्य ठीक नहीं था। उन्हें हल्का फीवर था, लेकिन अलीराजपुर में पदस्थ होने के बाद उनके स्वास्थ्य में गिरावट आई। जांच में उन्हें डेंगू के लक्षण मिले हैं, जिसकी पुष्टि अलीराजपुर जिला अस्पताल के सिविल सर्जन कैलाश गुप्ता ने की है। उन्होंने बताया कि कलेक्टर मनोज पुष्प की जांच में डेंगू होने के लक्षण मिले हैं। उन्होंने बताया कि कलेक्टर अपना उपचार करवाने के लिए इंदौर गए हुए हैं।

डेंगू मामले में मन्दसौर प्रदेश में अव्वल
डेंगू के मामलों में मंदसौर प्रदेश में प्रथम स्थान पर है। जिले में डेंगू के 853 मरीज सामने आए हैं। जबकि जिले में अब भी 214 एक्टिव मरीज हैं। जिलेभर में डेंगू के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। कलेक्टर मनोज पुष्प के रहते हुए मंदसौर जिले में डेंगू की शुरुआत हुई थी। उनके रिलीव होते-होते यहां डेंगू नियंत्रित से हो गया था। हालांकि अब नए कलेक्टर गौतम सिंह ने दावा किया है कि पिछले दो दिनों में डेंगू से निपटने में सफल हुए हैं और मरीजों में कमी आई है।

खबरें और भी हैं...