पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

बच्चों के भविष्य की चिंता:80% की ट्यूशन फीस बकाया, ऑनलाइन कर रहे 90% पढ़ाई, 10% बच्चों के पास मोबाइल नहीं

नीमच10 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
  • जिले में 450 निजी स्कूलों में 6 हजार से अधिक टीचर ऑनलाइन पढ़ा रहे
  • जिन बच्चों के पास मोबाइल नहीं उन्हें दे रहे टेस्ट पेपर

महामारी के बीच बच्चों की पढ़ाई का क्रम नहीं टूटे। इसलिए नए शिक्षा सत्र से निजी स्कूलों में ऑनलाइन पढ़ाई कराई जा रही है। शासन ने ट्यूशन फीस लेने के आदेश दे रखे हैं। उसी का पालन कर रहे हैं। हाईकोर्ट से भी जल्द फैसला आ जाएगा। वह सभी को मान्य होगा। निजी स्कूलों में 80 प्रतिशत फीस बकाया है। फिर भी सभी बच्चों को ऑनलाइन पढ़ाई का जा रही है। जिनके पास मोबाइल या नेटवर्किंग की समस्या है उन्हें स्कूल से नोट्स की फोटो काफी करके दी जा रही है। स्कूलों में प्रीरियोडिक टेस्ट शुरू हो गए हैं। इसमें 90 फीसदी बच्चे ऑनलाइन शामिल हो रहे हैं। 10 प्रतिशत बच्चों के पास मोबाइल की समस्या है उन्हें टेस्ट पेपर की फोटो काॅपी करवाकर दी जा रही है। कुछ लोग नो स्कूल-नो फीस को मुद्दा बनाकर अभिभावकों को गुमराह करके बच्चों का भविष्य बिगाड़ने का प्रयास कर रहे हैं। शिक्षा में किसी तरह की राजनीति नहीं होना चाहिए। जिला अशासकीय शिक्षण संस्था के पदाधिकारियों ने दैनिक भास्कर से चर्चा करते हुए कहा कि पिछले दिनों कलेक्टर जितेंद्रसिंह राजे, जिपं सीईओ भव्या मित्तल तथा डीईओ बीएल बामनिया की उपस्थिति में बैठक हुई थी। उसमें कलेक्टर ने कहा स्पष्ट कह दिया था कि ट्यूशन फीस ही ली जाएगी। उसका पालन किया जा रहा है।

सरकारी व केंद्रीय विद्यालय में सभी तरह की फीस ले रहे
संस्था के कोषाध्यक्ष पंकज दुबे सहित सेनेशसिंह साहनी ने कहा कि निजी स्कूलों को टारगेट करके नो स्कूल-नो फीस का मुद्दा बनाया जा रहा है। जबकि सरकारी व केंद्रीय विद्यालय में बच्चों की ट्यूशन फीस के साथ कम्प्यूटर व अन्य फीस भी ली जा रही है। जबकि निजी स्कूल संचालक तो ट्यूशन फीस ही लेकर ऑनलाइन पढ़ाई करके बच्चों का भविष्य बनाने में जुटे हैं। ताकि बच्चे पढ़ाई करके अगली कक्षा में प्रवेश कर सकें। प्रमोट करने से बच्चे का बेस मजबूत नहीं हो सकता।

विद्यार्थियों का शैक्षणिक नुकसान नहीं हो इसलिए पढ़ाई कराना जरूरीं

शहर के निजी स्कूल के टीचरों का प्रतिनिधि मंडल बुधवार को विधायक दिलीपसिंह परिहार को ज्ञापन सौंपा। इसमें कहा कि शासन के आदेश पर शिक्षण संस्थाएं संचालित हो रही है। हाईकोर्ट व प्रदेश सरकार ने 24 मार्च को स्थिति अनुरुप ट्यूशन फीस लेने के लिए कहा था। इसी फीस में से स्कूल संचालक टीचरों को वेतन का भुगतान कर रहे हैं। कुछ लोग नो स्कूल-नो फीस का मुद्दा बनाकर अभिभावकों को भ्रमित कर रहे हैं। इसके कारण कुछ अभिभावक फीस जमा नहीं करा रहे हैं। इससे स्कूल संचालकों को टीचरों को वेतन देने में परेशानी आ रही है। विधायक ने आश्वासन दिया कि जल्द ही इस समस्या का समाधान किया जाएगा।

अभिभावक बोले- टीचर अच्छी तरह समझा रही

^लॉकडाउन ने सभी का नुकसान किया है। स्कूल बंद रहने से बच्चों के पढ़ाई को लेकर चिंता थी। स्कूलों के टीचर ने ऑनलाइन पढ़ाई शुरू कराई। इससे बच्चों को पढ़ाई कराने के साथ वीडियो डालकर कोर्स के बारे में समझा रहे हैं। - पीयूष मेहता, नीमच

^कोरोना कॉल में भी बच्चे घर पर रहकर ऑनलाइन पढ़ाई कर रहे हैं। टीचर भी पूरा सहयोग कर रही है। इसमें किसी तरह की परेशानी नहीं आ रही है। टीचर बच्चों को हर विषय में अच्छी तरह से समझा रहे हैं। यह कदम अच्छा है। इसके लिए स्कूल स्टाफ बधाई का पात्र है। सपना बोराना, नीमच

6 माह में कोर्स पूरा करवाकर वार्षिक परीक्षा लेंगे

^संक्रमण खत्म होने के बाद 6 माह नियमित पढ़ाई करवाकर जून में वार्षिक परीक्षा ले सकेंगे। इसके लिए सभी स्कूल संचालकों से चर्चा की है। कोई भी स्कूल संचालक नहीं चाहता कि किसी बच्चे का पढ़ाई के अभाव में एक साल खराब हो।- सुशील जाधव, अध्यक्ष- अशासकीय शिक्षण संस्था, नीमचं

​​​​​​​^नो स्कूल-नो फीस के मुद्दे को लेकर अभिभावक किसी से भ्रमित ना हो। किसी तरह की शिकायत या परेशानी है तो स्कूल प्रबंधन से संपर्क कर उसका समाधान करें। ऑनलाइन पढ़ाई करवाकर बच्चों का भविष्य बनाने में सहयोग करें। - योगेश पंत, सचिव- अशासकीय शिक्षण संस्था, नीमच

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- समय की गति आपके पक्ष में हैं। आपकी मेहनत और आत्मविश्वास की वजह से सफलता आपके नजदीक रहेगी। सामाजिक दायरा भी बढ़ेगा तथा आपका उदारवादी रुख आपके लिए सम्मान दायक रहेगा। कोई बड़ा निवेश भी करने के लिए...

और पढ़ें