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बुंदेलखंड दिवस:सांची बात मैं कहौं रामधई मीठी लगत बुंदेली...

बडा़मलहराएक महीने पहले
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बुंदेलखंड दिवस के उपलक्ष्य में ऑनलाइन कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। जिसमें कवियों ने अपनी रचनाओं के माध्यम से बुंदेली को भाषा का दर्जा दिलाए जाने की जोरदार वकालत की। कवि सम्मेलन की अध्यक्षता कर रहे “अखिल भारतीय बुंदेलखंड साहित्य एवं संस्कृति परिषद’ के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद्मश्री कैलाश मड़वैया ने अपने अध्यक्षीय भाषण में कहा कि बुंदेलखंड एक जमीन का टुकड़ा मात्र नहीं है; वरन् इस भारत महादेश का हृदय स्थल हैं। उन्होंने पंक्तियों के माध्यम से गीत पढ़ा-”सूरों, शेरों, संतों की है कीर्ति कला बुंदेली, विंध्य बेतवा की बाकी है जा बुंदेली।” इससे पहले पृथ्वीपुर से आई हेमा जैन बुखारिया ने मां सरस्वती की वंदना-आराधना के स्वर दो मां, दिव्य ज्ञान वर दो, मेरे शब्द अमर हो, शब्दों को मंत्र कर दो, से कार्यक्रम का आगाज किया। दमोह की कवियत्री विमला तिवारी ने गीत गुनगुनाया” रंग रंगीली बड़ी छबीली है भोतईं अलबेली, साची बात में कहों रामधयी मीठी लगत बुंदेली।, कटनी के रवि चतुर्वेदी ने कहा- “छैल छबीली मस्तानों गरबीली, आज बांसुरी के बीच नाम पुकारो है। राम कुमार पांडेय ‘झटपट’ ने मुक्तक पढा़- “बुंदेली है नौनी जाय सबखौं बचाना है, हैं जो साथ संग में मित्र, उन्हें सबको सिखाना है।, राजेंद्र यादव कुंवर ने हमखां भौत लगत है प्यारों, बुंदेलखंड हमारो।, “सुदेश सोनी ललितपुर का गीत सबको भाया-”बे कत हमने जनता के सबरे करजा माफ करा दये, साहूकार पैलऊं से सब गांंव साफ करा दये।” लखन लाल सोनी ‘लखन’ छतरपुर ने गीत पढ़ा- वाहन चलइयो हरे-हरे, नइतो सिकहो परे-परे। सत्यपाल यादव ने कहा- प्यारो अपनो बुंदेलखंड है, स्वर्ग बनो ई धरती को, छत्रसाल राजन को राजा, देखो हो गयो धरती को। मनोज कुमार तिवारी ‘मनसिज’ने गीत पढ़ा-”जा माटी हमें है प्रानन से प्यारी, सबकी दुलारी सबई की दुलारी. बुंदेली हमायी जा मन में समायी। प्रभात कटारे का छंद शानदार था “बेला फूल, चमेली के, जैसे ठाट हवेली के, अपनी बोली, अपनी वानी, बांंके बोल बुंदेली के। “कवि जगत राज शांडिल्य का गीत:” भारत के लाल मेरे काल भये बैरी के, चीनियन पे टूट परे, मारे बीन बीन के। 

ऑनलाइन कवि सम्मेलन : कवियों ने किया काव्यपाठ
इस ऑनलाइन कवि सम्मेलन में दमोह की कवियत्री डॉ. प्रेमलता नीलम, गीतकार रमेश तिवारी दमोह, टीकमगढ़ से पूरन चंद गुप्ता ने भी काव्य पाठ किया। कार्यक्रम का संचालन मनोज कुमार तिवारी मनसिज ने किया और आभार प्रदर्शन अखिल भारतीय बुंदेलखंड एवं संस्कृति परिषद जिला इकाई के अध्यक्ष डॉ. देवदत्त द्विवेदी ने किया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में आकाशवाणी छतरपुर के प्रसारण अधिकारी रविंद्र प्रजापति, विशिष्ठ अतिथि के रूप में कमल अवस्थी, प्रद्युम्न फौजदार ने भी बुंदेली के उत्थान एवं प्रोत्साहन पर जोर दिया।

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