दुकानों के अस्थायी कब्जे और बेतरतीब पार्किंग बनी समस्या:अतिक्रमण से सिर्फ 25 फीट का रह गया 45 फीट चौड़ा हाइवे, लोगों का चलना भी मुश्किल

बड़ौदा14 दिन पहले
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तहसील मुख्यालय बड़ौदा को 32 गांव के साथ राजस्थान से जोड़ने वाले श्योपुर-कुहांजापुर हाइवे पर अतिक्रमण के कारण लोग परेशान है। कस्बे से गुजरे इस हाइवे रोड की चौड़ाई 45 फीट है, लेकिन बागर क्षेत्र में अतिक्रमण की वजह से हाइवे सिकुड़कर महज 25 फीट रह गया है। दुकानों के अतिक्रमण से सड़क की दोनों साइड घिरने के अलावा वाहनों की बेतरतीब पार्किंग के चलते ट्रैफिक जाम से लोगों का चलना भी मुश्किल हो रहा है। इसी मार्ग पर कई शासकीय एवं निजी स्कूल है। सरकारी विभागों के कार्यालय भी संचालित होने से सबसे जयादा चहलपहल रहती है।

बाजार में रोजाना खरीदारी व अन्य काम से आने वाले हजारों लोग जगह जगह जाम से जूझते दिखाई देते है। जाम के कारण पैदल राहगीरों का निकलना भी खतरे से खाली नहीं है। आए दिन लोग हादसों का शिकार हो रहे है। खास बात यह है कि बागर रोड सहित कस्बे के मुख्य बाजारों में अतिक्रमण की समस्या पिछले 10 साल से लगातार बढ़ रही है। कस्बेवासियों की मांग पर एसडीएम लोकेंद्र सरल ने स्थिति का मुआयना करके गत फरवरी माह में अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए थे।

लेकिन नगरपरिषद ने अतिक्रमण विरोधी मुहिम की योजना बनाने के नाम पर 7 महीने गुजार दिए है।श्राद्धपक्ष के समापन के साथ कस्बे में नवरात्र, दशहरा व दीवाली जैसे बड़े त्योहारों के लिए बाजारों में खरीदारी का सीजन चलेगा। ऐसे में जाम की वजह से दुकानदारों को कारोबार प्रभावित होने की आशंका है। आम लोगों में भी असंतोष के स्वर मुखर होने लगे है।वर्तमान स्थिति यह है कि कस्बे में पार्किंग स्थल निर्धारित होने के बावजूद लोग मुख्य सड़क पर ही अपने वाहन खड़ा करते है।

ज्यादातर दुकानदार बिक्री का सामान फुटपाथ तक फैलाकर रखते है। उसके बाद रोड की पटरी पर फल,सब्जी,कचौरी, पकौड़ी व चाट के ठेलों से आधे से ज्यादा हाइवे घिर जाता है। सिर्फ इतना ही नहीं सड़क की हद में पाल, बोरी बिछाकर सब्जी बेचने वाली महिलाएं बैठ जाती है। जिससे 45 फीट की सड़क महज 25 फीट की रह जाती है। यात्री बसों के अलावा निजी वाहन और रेत गिट्टी से भरे ट्रैक्टर ट्रॉली, डंपर आदि भारी वाहन भी दिनभर इसी मार्ग से निकलने के कारण भीड़ भरी सड़क पर दुर्घटना की संभावना रहती है। लंबा लंबा जाम भी लग जाता है।

मुख्य बाजार में भी अतिक्रमण बेलगाम, परेशान हो रहे लोग लेकिन कोई सुनवाई नहीं
बड़ौदा का मुख्य बाजार कागजों में तो 30 फीट चौड़ा है। लेकिन हकीकत में आधे से ज्यादा अतिक्रमण की जद में है। दुकानदारों ने तख्त डालकर और सामान रखकर अतिक्रमण कर रखा है। दुकानों के आगे पार्किंग होने से दिन चढ़ते ही सड़क महज 15 फीट बचती है। बाजार में सीजन के दौरान लोगों का पैदल चलना तक मुश्किल होता है। नगरीय प्रशासन ने दो वर्ष पूर्व बाजार से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की थी, लेकिन कार्रवाई बंद होने के कुछ महीने बाद हालात जस के तस हो गए। कंपनी दरवाजा से लेकर रतोदन दरवाजे तक कदम कदम पर लोग दुश्वारियों का सामना करने को मजबूर है।

5 साल से अनुपयोगी है पार्किंग स्थल
बाजार को जाम मुक्त बनाने के लिए नगरपरिषद द्वारा वर्ष 2017 में अस्पताल के नाले किनारे कंपनी दरवाजा के पास पार्किंग स्थल का निर्माण कराया था। लेकिन बनने के 5 साल बाद भी इस पार्किंग का उपयोग वाहनों के खड़ा करने में नहीं किया जा रहा है।

बाजार व्यवस्थित की जल्द बनेगी योजना
"हाइवे से लेकर बाजारों में बरसों से जमे स्थायी और अस्थायी अतिक्रमण से कस्बे की सुंदरता को ग्रहण लग रहा है। जल्द ही अधिकारियों से चर्चा करके बाजारों को व्यवस्थित करने की योजना बनाई जाएगी।"
-भरोसीबाई सुमन, अध्यक्ष, नगरपरिषद बड़ौदा

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