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उज्जैन के विक्रम विवि में खुलेंगे 128 नए कोर्स:विक्रम विश्वविद्यालय में शुरू होगा पुलिस साइंस में बैचलर कोर्स, ऐसा करने वाला देश का पहला विवि, चंडीगढ़ और गुजरात में पोस्ट ग्रेजुएट कोर्स, इनके साथ करेंगे एमओयू

उज्जैन3 महीने पहले
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विक्रम विश्वविद्यालय ने इस सत्र से 128 नए कोर्स शुरू किए हैं। कुलपति प्रो. अखिलेश कुमार पांडेय का दावा है कि ये सभी रोजगार देने वाले कोर्स हैं। इनमें एक ऐसा कोर्स भी है जो छात्रों को ग्रेजुएशन की डिग्री के साथ पुलिस की तैयारी भी करा देगा। यानी ये एक तरह से पुलिस ट्रेनिंग कोर्स की तरह होगा।

यह कोर्स करने के बाद छात्र लोक सेवा आयोग (यूपीएससी), मप्र लोकसेवा आयोग और स्थानीय स्तर पर होने वाली पुलिस भर्ती प्रक्रिया में दमदारी से हिस्सा ले सकेगा। फिलहाल चंडीगढ़ की पंजाब यूनिवर्सिटी, गुजरात के गांधीनगर का राष्ट्रीय रक्षा विवि, चैन्नई विवि चैन्नई में इस तरह के पोस्ट ग्रेजुएट कोर्स कराए जा रहे हैं।

विक्रम विवि में होने वाला यह कोर्स चार साल का है। तीन साल के ग्रेजुएशन के बाद छात्र-छात्राओं को बीए ऑनर्स पुलिस साइंस और चौथा साल पूरा करने के बाद बीए विथ रिसर्च इन पुलिस विज्ञान की डिग्री दी जाएगी। इस कोर्स में प्रवेश लेने वाले छात्रों को पुलिस प्रशासन, थाना प्रबंधन, विधि, अपराध शास्त्र, अपराध मनोवज्ञान, जेल-सुधार, कम्युनिटी पुलिसिंग, अपराध की जांच करना जैसे विषयों के साथ-साथ फिजिकल एजुकेशन, फॉरेंसिक साइंस, लोक प्रशासन, इतिहास विषय भी पढ़ाए जाएंगे।

छात्रों को अपराधों पर केस स्टडी भी करवाई जाएगी एवं अनुभवी पुलिस अधिकारियों द्वारा लेक्चर भी करवाया जाएगा। यह फुल टाइम कोर्स होगा। अभी विवि में केवल 25 सीट ही है। प्रो. पांडेय ने कहा कि छात्रों का रुझान बढ़ेगा तो हम सीट भी बढ़ा देंगे। इसमें प्रवेश के लिए छात्रों को हायर सेकंडरी

छात्रों के लिए होंगे एमओयू -
पब्लिक एडमिन विभाग में असिस्टेंट प्रोफेसर मेघा पांडे ने बताया कि जल्द ही राष्ट्रीय रक्षा अकादमी अहमदाबाद से एमओयू होगा। इसके तहत वहां से पुलिस एडमिन के एडवांस कोर्स पढ़ाने के लिए वहां से सीनियर्स आएंगे या फिर वे ऑनलाइन क्लास लेंगे। इसके अलावा मप्र पीएचक्यू से भी एमओयू किया जाएगा। इसके तहत पुलिस ट्रेनिंग सेंटर और वहां के ग्राउंड व अन्य सुविधाएं छात्रों को मिल सकेंगी। थानों में जाकर छात्र भी केस स्टडी कर सकेंगे।