पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

रक्षाबंधन:आयुष्मान व सर्वार्थ सिद्धि योग में आज राखी, सुबह 9.29 बजे से मुहूर्त

उज्जैन2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक

रक्षाबंधन का पर्व सोमवार को आयुष्मान और सर्वार्थसिद्धि योग में मनेगा। 558 साल बाद फिर विशेष ग्रह-नक्षत्र राखी के दिन रहेंगे। ज्योतिषियों के अनुसार सुबह 9.29 बजे भद्रा समाप्त होने के बाद से पूरे दिन राखी बांधी जा सकेगी। पूरे दिन शुभ मुहूर्त हैं। रक्षाबंधन पर श्रावण शुक्ल पूर्णिमा, सोमवार, श्रवण नक्षत्र, आयुष्मान व सर्वार्थसिद्धि योग है।
ज्योतिषविद् पं. रामचंद्र शर्मा वैदिक के अनुसार 558 साल पहले शनि, गुरु व चंद्रमा की जो स्थिति थी, वही सोमवार को भी बन रही है। 1462 में गुरु व शनि दोनों उलटी चाल से चल रहे थे व चंद्र भी मकर राशि मे था। 3 अगस्त को भी यही दुर्लभ संयोग बन रहा है। सोमवार सुबह 9.29 बजे तक भद्रा रहेगी। उसके बाद पूरे दिन शुभ मुहूर्त में बहनें राखी बांध सकेंगी।
पूर्ण चंद्र व श्रवण नक्षत्र स्वास्थ्य व उम्र बढ़ाते हैं
पूर्णिमा व श्रवण नक्षत्र में ही रक्षाबंधन मनाया जाता है क्योंकि पूर्णिमा के देवता चंद्रमा है जो आयु और आरोग्य कारक है। इसी दिन दानवों पर विजय प्राप्ति के लिए इंद्राणी ने मंगलाचरण कर इंद्र के दाहिने हाथ में रक्षाबंधन किया था। उस दिन श्रवण नक्षत्र ही था। इस नक्षत्र के देवता विष्णु हैं जो संसार के पालनकर्त्ता, आयु और आरोग्य के देवता हैं।
राखी बांधने के लिए मुहूर्त : सुबह- 9.31 से 10.54 तक, दोपहर- 2.11 से 3.50, 3.50 से 5.28, शाम- 5.28 से 7.06 बजे तक।

ज्योतिर्लिंग महाकाल के लिए हैदराबाद से आई राखी
उज्जैन | श्री महाकालेश्वर के लिए रक्षाबंधन पर्व के लिए हैदराबाद से स्पेशल राखी आई है। इसे महाकाल मंदिर क्षेत्र में रहने वाले ऋषभ बाबू यादव के मित्र रक्तिम मंडल परिवार द्वारा भेजी गई है। यादव ने बताया मंडल के लोग बाबा महाकाल के भक्त हैं। इसके अलावा अन्य क्षेत्रों से भी राखियां आई हैं।

0

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- समय पूर्णतः आपके पक्ष में है। वर्तमान में की गई मेहनत का पूरा फल मिलेगा। साथ ही आप अपने अंदर अद्भुत आत्मविश्वास और आत्म बल महसूस करेंगे। शांति की चाह में किसी धार्मिक स्थल में भी समय व्यतीत ह...

और पढ़ें