पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

बेसहारा नगर निगम:सड़कें खुदी पड़ीं, जरा-सी बारिश में कीचड़ में फंसे वाहन, कई कॉलोनियां बंधक बनीं

उज्जैन3 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
ढांचाभवन क्षेत्र में पाइप लाइन डालने का काम चल रहा है। ठेकेदार ने लोगों को निकलने के लिए डायवर्सन रोड भी नहीं बनाया। - Dainik Bhaskar
ढांचाभवन क्षेत्र में पाइप लाइन डालने का काम चल रहा है। ठेकेदार ने लोगों को निकलने के लिए डायवर्सन रोड भी नहीं बनाया।
  • निर्माण एजेंसियों की करतूतों के कारण

शहर में निर्माण एजेंसियों के आगे नगर निगम भी हार गया है। शहर में सीवरेज की पाइप लाइन डालने के बाद सड़कों का निर्माण नहीं होने से नागरिकों को सबसे ज्यादा मुसीबत उठाना पड़ रही है। शहर के हर हिस्से में खुदी हुई सड़कों पर हो रहे हादसें देखकर ही निगम अफसर इनके खिलाफ ऐसी कोई कार्रवाई नहीं कर पा रहे जिससे लोगों को राहत मिलें।

सीवरेज में हालत यह है कि जहां सड़कें बना दी गई वे भी बारिश में उखड़ गई है या खराब हो गई है। कई जगह धंस गई है। इन सड़कों पर चैंबर्स की समस्या पहले से ही है। बारिश में यहां वाहनों के फिसलने के भी हादसे बढ़े है। कई जगह तो हालात इतने बुरे है कि थोड़ी बारिश होते ही आवागमन अवरूद्ध हो जाता है।

जो लोग यहां से निकलने की हिम्मत करते है उनके वाहन फंसते है या फिसलते है। कई लोग लहूलुहान हाेते है। ऐसा नहीं कि अफसरों को इसकी जानकारी नहीं है लेकिन कार्रवाई के नाम पर ऐसा कुछ नहीं हो रहा जो इन एजेंसियों पर असर डाल सके।

पिता लकवाग्रस्त थे, सड़क पर बिखरे पत्थर पर पैर पड़ा, सिर में चोट आई, इलाज के दौरान मौत

पिता मंसूर खान लकवाग्रस्त थे। 44 की उम्र में वे बगैर सहारे के चल नहीं सकते थे। सामने सड़क का काम चल रहा था। वॉकर से टहलते हुए पैर सड़क पर बिखरे पत्थर पर पड़ा, वे नीचे गिर गए। सिर में गंभीर चोट आई। हम उन्हें जिला अस्पताल लेकर गए। वहां इलाज के दौरान ज्यादा खून बहने से उनका इंतकाल हो गया।

नगर निगम ने सड़क बनाने का काम तो शुरू किया लेकिन केवल बड़े बड़े पत्थर यहां वहां फैला दिए। वार्ड 6 गांधीनगर के रहवासी शादाब खान यह कहते हुए रुआंसे हो गए। आखिर एक सड़क ने, जिसका काम अब तक ठीक से शुरू भी नहीं हो पाया, उसने उनके पिता को हमेशा के लिए छीन लिया। उनका कहना है कि पहले भी कई बार नगर निगम के अफसरों को अवगत कराया लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया।

उपयंत्री मोहित मिश्रा के अनुसार निर्माण एजेंसी को एग्रीमेंट के लिए नोटिस भी जारी किए लेकिन हर बार वह रुपए नहीं होने की बात कहती रही। अब उसके टेंडर को निरस्त करने की कार्रवाई शुरू कर दी है।

खबरें और भी हैं...