एफएंडसीसी की बैठक:गोशाला के पास बनेगा फायर ब्रिगेड सब-स्टेशन, 73.92 लाख से होगी वाटर सप्लाई पाइप लाइन की मरम्मत

मोगाएक महीने पहले
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मोगा नगर निगम में एफएंडसीसी की बैठक की अध्यक्षता करतीं मेयर नितिका भल्ला। - Dainik Bhaskar
मोगा नगर निगम में एफएंडसीसी की बैठक की अध्यक्षता करतीं मेयर नितिका भल्ला।
  • एफएंडसीसी की बैठक में नहीं आए निगम कमिश्नर, 9 एजंेडों में से 8 पास, शहर के सीवरेज पर खर्च होंगे 97.32 लाख रुपए

एजेंडे के अभाव के चलते दो बार रद्द होने के बाद आखिरकार वीरवार को नगर निगम की एफएंडसीसी बैठक हुई। बैठक में निगम कमिश्नर सुरिंदर सिंह नहीं पहुंच सके। उनके स्थान पर सीनियर सिविल अफसर किशोर बांसल ने शिरकत की। इस बैठक की अध्यक्षता मेयर नितिका भल्ला ने की, जिस में सीनियर डिप्टी मेयर प्रवीन कुमार शर्मा, डिप्टी मेयर अशोक धमीजा, मैंबर पायल गर्ग व तीर्थ राम ने शिरकत की।

बैठक में 9 एजेंडे कमेटी के आगे रखे गये, जिन में से 8 एजेंडे पास हो गये, जबकि आखरी प्रस्ताव शहर के 8 पार्कों में वेरका कंपनी को बूथ किराये पर देने वाला पास नहीं हो सका। इसका कारण बूथ का किराया कम होना और पर्टीकुलर 8 पार्कों के नाम न होना बताया जा रहा है।

पहली मीटिंगों दौरान दैनिक भास्कर ने एकल टैंडर होने का मुद्दा उठाया था तो म्युनिसिपल एक्ट अनुसार दूसरी या तीसरी बार भी एकल टैंडर हो तो उसे मंजूर किया जा सकता है की बात आने से आज की बैठक में भी ज्यादातर एकल टैंडर थे परंतु वो दूसरी या तीसरी बाल लाये गये थे, जिस कारण उनको आज की बैठक में मंजूरी दे दी गई।

यहां बता दें कि पहले यह बैठक सोमवार को रखी गई थी परंतु कोरम पूरा नहीं होने के चलते मंगलवार को रखी गई थी और इसी कारण के चलते मंगलवार को बैठक स्थगित करनी पड़ी थी। आखिर वीरवार को बैठक संपन्न हो ही गई।

मोगा शहर के पार्कों में नहीं लगेंगे वेरका के बूथ

9वें और आखिरी प्रस्ताव पारित नहीं हो सका। इसमें दर्ज है कि वेरका प्लांट लुधियाना के जनरल मैनेजर ने नगर निगम को पत्र लिख कर शहर के 11 पार्कों में अपने बूथ स्थापित करने की प्रवानगी मांगी थी। बाद में वेरका की ओर से 3 पार्कों पर निगम की मालकी नहीं होने की बात कह कर 8 पार्कों में बूथ लगाने की बात कही थी और एक बूथ का निगम को 2 हजार रुपये महीना किराया देने की बात कही थी, जिसके लिये अनुबंध होना था।

परंतु एफ एंड सी सी ने इस प्रस्ताव को मंजूर नहीं किया, जिस के चलते अब निगम वेरका से अभी कोई अनुबंध नहीं कर पायेगा। बैठक में यह बात भी आई थी कि किसी एमरजेंसी कामों के लिये मेयर व कमिशनर के दस्तख्तों से प्रस्ताव पारित कर लिया जायेगा ताकि इमरजेंसी की स्थिति में बैठक बुलाने के समय बच सके परंतु पता चला है कि मेंबरों ने इसे भी नामंजूर कर दिया है। इस संबंधी मेयर नितिका भल्ला ने कहा कि 9 में से 8 प्रस्ताव पारित हो गए।

कचरा उठाने के लिए कंपनी को दिया जाएगा ठेका बुकणवाला के श्मशानघाट पर खर्च होंगे 5.97 लाख

पहले प्रस्ताव में दर्ज था कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने जीरा रोड पर स्थित डंपिंग ग्राउंड की बायोरेमीडेशन 31 मार्च 2022 तक करने के निर्देश दिये हैं, क्योंकि मैकेनिकल स्परेटरों से बायो रेमीडेशन का काम धीमी गति से होता है। इस लिये इसे जल्दी कराने के लिये डीपीआर तैयार की गई है, जिस में दो शिफ्टों में काम करने का प्रावधान दिया गया है।

इस कार्य को करने के लिये हर तरह का खर्च, मशीनरी व लेबर का प्रबंध कम्पनी करेगी। नगर निगम की ओर से डंपिंग ग्राउंड के कुल स्टेशन सर्वे के अनुसार कंपनी को अदायगी की जायेगी। यह काम सरकार के निर्देशों अनुसार टैंडर द्वारा किया जायेगा। इस प्रस्ताव को मंजूर किया गया। दूसरे प्रस्ताव में बुकणवाला के श्मशानघाट के लिये निगम ने 5.97 लाख का एस्टीमेट दिया था।

एक ही टैंडर आने से दूसरी बार एकल टैंडर 2 लाख 85 हजार आने पर उसे मंजूर किया गया। तीसरे प्रस्ताव में वाटर सप्लाई लाइन की मेंटीनेंस के लिये लेबर के लिये निगम के 73.92 लाख के एस्टीमेट से कम बाबा दीप सिंह बिल्डर एंड डिसिल्टर प्राइवेट लिम. ने 72.99 लाख का टैंडर लगाने से उसे मेंटीनेंस का काम सौंपा गया है तथा चौथे प्रस्ताव द्वारा इसी कम्पनी को सीवरेज की मेंटीनेंस के लिये निगम के 97.32 लाख के एस्टीमेट से कम 96.1 लाख रुपये का ठेका दिया गया है।

पांचवें प्रस्ताव में चौक शेखां की टैंकी वाली गली में स्थित ट्यूबवैल को बोर को गहरा करने के लिये आये दो टेंडरों में सब से कम टैंडर लगाने वाली कम्पनी गोयल ट्यूबवैल स्टोर को दया गया। छठे प्रस्ताव में चड़िक रोड पर स्थित निगम की गोशाला के पास फायर ब्रिगेड का सब-स्टेशन बनाने का काम को मंजूरी दी गई है।

सातवें प्रस्ताव में गीता भवन के निकट वेदांता नंद पार्क में योगा हाल बनाने की मंजूरी दी गई है। इस काम के लिये एक सोसायटी ने टैंडर भरा था। कागजात पूरे नहीं होने के चलते नये टैंडर को मंजूरी दी गई। 8वें प्रस्ताव में मृत जानवरों को उठाने के लिए 2021-22 का ठेका दिया।

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