ब्लाइंड मर्डर केस का पर्दाफाश:विदेश जाने की जिद में पिता को मार डाला जमीन बेचने के लिए बना रहा था दबाव, आखिर बेटा ही निकला हत्यारा

फगवाड़ा15 दिन पहले
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पकड़े गए आरोपी। जानकारी देती पुलिस। - Dainik Bhaskar
पकड़े गए आरोपी। जानकारी देती पुलिस।

अपराध स्थल पर मिले छोटे-छोटे सुरागों के बाद पुलिस को कुछ दिन में ही अंधे हत्याकांड का पर्दाफाश कर दिया। भुल्लाराई के बलजीत सिंह पुत्र जरनैल सिंह की अज्ञात बदमाशों ने हत्या कर दी थी। मामले मृतक के बेटे सहित तीन आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है।

आरोपियों की पहचान सुखराज सिंह पुत्र बलजीत सिंह निवासी भुल्लाराई, प्रशांत राय पुत्र नरिंदर राय निवासी गुरु हरकृष्ण नगर फगवाड़ा और बलविंदर सिंह उर्फ ​​सनी पुत्र परमजीत सिंह निवासी 1 गली नंबर 01, खोथड़ा रोड, ओंकार नगर फगवाड़ा के रूप में हुई है। एसएसपी हरकमलप्रीत सिंह खख ने बताया कि 24 व 25 सितंबर की रात गांव भुल्लराई में कुछ अज्ञात लोगों ने तेजधार हथियार से बलजीत सिंह की हत्या कर दी थी। 25 सितंबर को सदर फगवाड़ा थाने में मृतक परिवार के बयान पर धारा 302 और 34 आईपीसी के तहत केस दर्ज किया था। पुलिस पकड़े गए आरोपियों का पुलिस रिमांड लेने की तैयारी कर रही है।

साथ देने वाले दोस्त समेत 2 गिरफ्तार, 3 पर केस दर्ज; हथियार बरामद

एसएसपी ने बताया कि एसपी फगवाड़ा सरबजीत सिंह बहिया और डीएसपी पलविंदर सिंह की देखरेख में एसएचओ सदर फगवाड़ा गगनदीप सिंह घुमन और सीआईए फगवाड़ा के प्रभारी सब-इंस्पेक्टर सिकंदर सिंह सहित विभिन्न पुलिस टीमों का गठन किया गया था।

जांच के दौरान मौके पर कुछ सुराग मिले, जिससे आरोपी सुखराज सिंह और उसके साथियों तक पहुंचने में मदद मिली। जांच के दौरान यह बात सामने आई थी कि बलजीत सिंह पुत्र सुखराज सिंह अपने दोस्त प्रशांत राय पुत्र नरिंदर राय निवासी गुरु हरकिशन नगर के पास बसरा जिम फगवाड़ा और बलविंदर सिंह उर्फ ​​सनी पुत्र परमजीत सिंह निवासी मकान नंबर 01 गली नंबर 4 खोथड़ा रोड ओंकार नगर फगवाड़ा की मिलीभगत से कत्ल किए था। बलजीत सिंह के बेटे सुखराज सिंह और नरिंदर राय के बेटे प्रशांत राय को गिरफ्तार कर लिया गया है जबकि बलविंदर सिंह की गिरफ्तारी अभी नहीं हुई है। पूछताछ में पता चला कि सुखराज सिंह और उसकी मां और उसकी छोटी बहन को उसके पिता बलजीत सिंह ने करीब 4/5 साल पहले घर से निकाल दिया था। बलजीत सिंह काम नहीं करता था और शराब पीने का आदी था। शराब के नशे में वह सभी के साथ मारपीट भी करता था। सुखराज सिंह पिछले कुछ महीनों से अपने पिता के संपर्क में था। उसने अपने पिता से विदेश जाने के लिए पैसे मांगे।

सुखराज सिंह ने अपने पिता से अपनी दो कनाल की जमीन बेचने और उसे भुगतान करने के लिए कहा। बलजीत सिंह ने न तो अपनी जमीन बेची और न ही अपने बेटे को पैसे दिए। गुस्से में 24 व 25 सितंबर की रात सुखराज सिंह ने अपने दो साथियों के साथ घर में सो रहे बलजीत सिंह की चाकू मारकर हत्या कर दी। एसएसपी ने कहा कि पुलिस टीम गिरफ्तार आरोपियों को मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश करेगी। जांच के लिए उनके पुलिस रिमांड की मांग करेगी।

12 दिन में हत्या की 3 वारदातें

फगवाड़ा में 12 दिन में हत्या की तीन वारदातें हुईं हैं। 23 सितंबर काे सतनामपुरा के अंतर्गत गांव गंढवां में जमीनी विवाद काे लेकर बाइक सवार दाे लाेगाें नेहमला कर दिया। इसमें एक व्यक्ति बिशंबर राम की माैके पर ही माैत हाे गई जबकि दूसरा व्यक्ति अवतार सिंह जालंधर के अस्पताल में उपचाराधीन है। मामले में पुलिस ने चार लाेगाें काे गिरफ्तार किया है। जबकि अन्याें की गिरफ्तारी अभी नहीं हुई है।

  • 25 सितंबर काे गांव भुल्लाराई में गत रात अपने घर में ही साे रहे एक व्यक्ति का अज्ञात लाेगाें ने कत्ल कर दिया था। हरदीप सिंह ने बताया कि उसका भाई बलजीत सिंह (50) निवासी गांव भुल्लाराई कई सालाें से गांव में ही रह रहा था। उसके बच्चे और पत्नी कई सालाें से शहर में रह रहे हैं। बलजीत सिंह का किसी ने कत्ल कर दिया था। मामले में मृतक के बेटे सुखविंदर सहित तीन लाेगाें काे मामला दर्ज किया और दाे लाेगाें काे गिरफ्तार कर लिया है।
  • 29 सितंबर काे गुरप्रीत सिंह पुत्र किशन पाल वासी गुरु नानक नगरी ने बताया कि 2 दिन पहले उसकी मां सुरिंदर काैर ने उसके पिता से पैसे मांगे परंतु पिता ने पैसे नहीं दिए। दाेपहर जब वाे स्कूल से लाैटा ताे उसकी मां बिस्तर पर खून से लथपथ पड़ी थी। उसने आराेप लगाया था कि उसके पिता किशन पाल ने ही कत्ल किया है और वाे माैके से फरार हाे गए। बाद में गांव चहेड़ू से किशन पाल की भी लाश बरामद हुई। इस संबंधी पुलिस कार्रवाई कर रही है।
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