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गर्व:कोमल ने रोज 5 से 6 घंटे पढ़ाई कर की नौसेना में जाने की तैयारी

मुकेरियां2 महीने पहले
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  • मोबाइल को शिक्षा का साधन बना तैयारी करें, कामयाबी जरूर मिलेगी
  • नौसेना में सब लेफ्टिनेंट बनने के बाद हरसा मानसर पहुंचीं कोमल

कस्बा हरसा मानसर की कोमल भारतीय नौसेना में सब-लेफ्टिनेंट बनी हैं। कोमल ने 10वीं तक की पढ़ाई आर्मी पब्लिक स्कूल नंगलभूर से व 12वीं नॉन मेडिकल एमडीकेएएस सीसे स्कूल पठानकोट से करने के बाद गुरु नानक इंजीनियरिंग कॉलेज, लुधियाना से बीटेक की डिग्री हासिल की। उन्होंने केरल के कन्नूर जिले में एजिमाला नवल अकादमी में 6 महीने का प्रशिक्षण लिया और उन्हें एनएआई के रूप में सब-लेफ्टिनेंट के पद के लिए चुना गया। कोमल की पहली पोस्टिंग मुंबई में हुई है।कोमल के पिता अवतार सिंह ठाकुर बीएसएफ से हेड कांस्टेबल के पद से सेवानिवृत्त हुए हैं, जबकि उनकी मां परवीन कुमारी गृहिणी हैं। माता-पिता के अनुसार, उन्होंने अपनी बेटी को समान अवसरों के लिए प्रोत्साहित किया।

उन्होंने बताया कि कोमल का भाई विशाल सिंह का भी उप-लेफ्टिनेंट के लिए चयन हुआ है और वह नौसेना अकादमी में प्रशिक्षण ले रहा है। भारतीय नौसेना में सब-लेफ्टिनेंट के रूप में चुने जाने के बाद पहली बार हरसा मानसर पहुंचने पर कोमल का उनके परिवार और गांवासियों ने गर्मजोशी से स्वागत किया।भाजपा के वरिष्ठ नेता जंगीलाल महाजन ,मास्टर जीवन कुमार समाज सेवक अनिल राणा ने कहा कि अगर बेटियों को उचित अवसर दिए जाएं तो निश्चित ही वे आसमान की हर ऊंचाई को छू सकती हैं। इस अवसर पर डॉ. बख्शी, जतिन्द्र, दिनेश आनंद, जोगिन्द्र सिंह अश्वनी सोनू आदि ने कोमल को बधाई दी। कोमल ने बताया कि आर्मी पब्लिक स्कूल नंगलभूर के एनसीसी प्रमुख विनय सिंह पठानिया से देश की सेवा करने की प्रेरणा मिली। इस मुकाम पर पहुंचने के लिए उन्हें रोजाना करीब 5 से 6 घंटे पढ़ाई की। नई पीढ़ी मोबाइल को शिक्षा का साधन बना अपने सभी सपनों को साकार कर सकती है।

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