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CM के आगे उठा अफसरों की मनमानी का मुद्दा:मुख्यमंत्री की जालंधर, होशियारपुर और मोहाली के MLA से मीटिंग; सुविधा कैंप लगाकर शिकायतें निपटाएंगे अफसर

जालंधर9 दिन पहले
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जालंधर, होशियारपुर और मोहाली के विधायकों से मीटिंग करते सीएम चन्नी। - Dainik Bhaskar
जालंधर, होशियारपुर और मोहाली के विधायकों से मीटिंग करते सीएम चन्नी।

पंजाब में कैप्टन अमरिंदर सिंह के CM की कुर्सी से हटने के बावजूद अफसरशाही नहीं सुधरी। कांग्रेस के विधायक अभी भी अफसरों की मनमानी से परेशान हैं। मंगलवार को जालंधर, होशियारपुर और मोहाली के विधायक सीएम चरणजीत चन्नी से मिलने पहुंचे। जहां उन्होंने अपनी शिकायतें बताई। जिसके बाद सीएम चन्नी ने कहा कि लोकल लेवल पर शिकायतों को निपटाने के लिए अब सुविधा कैंप लगाए जाएंगे। जहां अफसर खुद बैठेंगे। विधायकों ने यह भी शिकायत की कि राजनीतिक शह की वजह से अफसर जायज काम भी नहीं करते।

मौके पर निपटारा करना होगा
सीएम चरणजीत चन्नी की बैठक में विधायक सुशील रिंकू, राजिंदर बेरी, बावा हैनरी, हरदेव लाडी शेरोवालिया, शाम सुंदर अरोड़ा,राजकुमार चब्बेवाल, पूर्व सेहत मंत्री बलबीर सिद्धू आदि शामिल हुए। जहां उन्होंने लोकल समस्याओं का मुद्दा उठाया। इन्हें सुनकर सीएम चन्नी भी लोकल अफसरशाही के रवैये से नाखुश दिखे। उन्होंने विधायकों से चर्चा के बाद फैसला किया कि अब लोकल लेवल पर ही इन समस्याओं की सुनवाई कर मौके पर निपटारा करना होगा।

मीटिंग में उपस्थित विधायक
मीटिंग में उपस्थित विधायक

सिर्फ घर और ऑफिस आने-जाने तक सीमित नहीं रहेंगे अफसर
विधायकों से मीटिंग के बाद यह भी तय हो गया कि अब अफसर सिर्फ घर से ऑफिस आने-जाने तक सीमित नहीं रहेंगे। उन्हें फील्ड में निकलकर काम करना होगा। अफसरों को भी सीएम ऑफिस से हिदायत भेजी जा रही है कि वो बाहर निकलें ताकि लोगों को सरकार जमीन पर नजर आए। अभी तक अफसर अपने ऑफिस से बाहर नहीं निकलते थे। वहीं, कोई मिलने आता तो उसे भी घंटों इंतजार करवाते थे। इससे पहले सीएम अफसरों और कर्मचारियों को सुबह 9 बजे हर हाल में ऑफिस पहुंचने की हिदायत द चुके हैं।

3 महीने में छवि बदलने की कोशिश
कैप्टन अमरिंदर सिंह के सीएम रहते सरकार की छवि बन गई थी कि यहां सिर्फ अफसरों की चलती है। जनप्रतिनिधियों और खासकर कांग्रेसी विधायकों और सांसदों तक की अफसर नहीं सुनते। जिसके चलते कांग्रेसी अपनी ही पार्टी और सरकार से नाराज रहते थे। अब दिसंबर में पंजाब विधानसभा चुनाव की घोषणा हो सकती है। उससे पहले सरकार की छवि बदलने की कोशिश की जा रही है।

सीएम ने कहा: मुझे काम लेना आता है
अफसरशाही की मनमर्जी पर सीएम चरणजीत चन्नी ने कहा कि वो पार्षद और विधायक रहे हैं। उन्हें पता है कि अफसरों से कैसे काम लिया जाता है?। उन्होंने ताकीद भी कर दी कि अफसर अपने फर्ज के मुताबिक काम करें न कि खुद को सरकार मानकर लोगों पर राज करने की मानसिकता रखें।

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