• Hindi News
  • Local
  • Punjab
  • Jalandhar
  • If You Come To Corona Positive, Do Not Panic For Beds And Ventilators In Jalandhar; See Where You Are Empty On Www.jalandhar.nic.in

एक क्लिक पर सुविधा:कोरोना पॉजिटिव आए तो जालंधर में बैड व वैंटिलेटर के लिए घबराएं नहीं; www.jalandhar.nic.in पर देखें कहां हैं खाली

जालंधर9 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
जिला प्रशासन की वेबसाइट पर ऑनलाइन बैड व वैंटिलेटर अवेलिबिलिटी देखने के लिए यह लिंक है। - Dainik Bhaskar
जिला प्रशासन की वेबसाइट पर ऑनलाइन बैड व वैंटिलेटर अवेलिबिलिटी देखने के लिए यह लिंक है।

अगर आप कोरोना पॉजिटिव आए और बेड, ऑक्सीजन या वेंटिलेटर की जरूरत है तो घबराएं नहीं। न ही यहां-वहां अस्पतालों के चक्कर काटें। बस www.jalandhar.nic.in पर एक क्लिक करते ही आपको पूरी जानकारी मिल जाएगी। किस अस्पताल में ऑक्सीजन व वेंटिलेटर वाले कितने बेड खाली हैं, इसके बारे में प्रशासन रोजाना यहां इन्फॉर्मेशन दे रहा है। अस्पतालों में बेड की स्थिति को रोजाना अपडेट भी किया जाता है। जालंधर में लगातार कोरोना संक्रमण व मौतों की गिनती बढ़ने के बाद लोग अस्पतालों के चक्कर में भटक रहे हैं। उनके लिए यह अहम खबर है ताकि इलाज में देरी न हो।

कैसे देखें... किस अस्पताल में कितने बेड

इसके लिए सबसे पहले आपको जिला प्रशासन जालंधर की ऑफिशियल वेबसाइट www.jalandhar.nic.in खोलनी होगी। जिसके बाद अंदर PDF फॉर्मेट में जिले में लेवल 1, 2 व 3 बेड के बारे में ऑप्शन दी गई है। उसे क्लिक करने के बाद अलग फाइल खुलेगी, जिसमें बताया गया है कि किस अस्पताल में ऑक्सीजन या वैंटिलेटर वाले कितने बेड हैं।

उनमें से कितने बेड इस्तेमाल हो रहे हैं यानी वहां मरीज भर्ती हैं और कितने खाली हैं। जिले में 62 अस्पताल में कोविड के 1809 बेड, 854 खाली जिले में इस वक्त 62 अस्पतालों में कोविड का इलाज चल रहा है। इसके लिए 1809 बेड रिजर्व रखे गए हैं। राहत की बात यह है कि इनमें से 854 बेड अभी खाली हैं। इनमें लेवल 2 के 614, लेवल 3 के 114 और वेंटिलेटर वाले 126 बेड खाली हैं।

ऑनलाइन चैक कर सुविधा लें लोग: DC

DC घनश्याम थोरी ने कहा कि कहीं भी लोगों को इलाज की कमी न हो, इसलिए यह बंदोबस्त किया गया है। कोविड मरीज के इलाज के लिए जिस किस्म के बेड की जरूरत हो, लोग घर बैठकर इसे देखें और फिर वहां जाकर इलाज करा सकते हैं। अगर किसी को कोई परेशानी होती है तो हमें शिकायत कर सकते हैं। कोविड के इलाज की गंभीरता को देखते हुए किसी किस्म की लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं होगी।