साजिश फेल:माओवादी अजय की थी जालंधर में बड़ी लूट की साजिश, कॉल डिटेल से नेटवर्क ब्रेक करेगी पुलिस

जालंधर5 महीने पहले
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  • पूछताछ में माना-लूट के लिए मुजफ्फरपुर से मंगवाना था वेपन

लम्मा पिंड चौक के पास स्थित हरदयाल नगर में करीब पौने 2 साल से किराये के मकान में बीवी संग रह रहे माओवादी अजय राय सिटी में बड़ी लूट की साजिश को अंजाम देने की फिराक में था। उसने अपनी तरह के गर्म ख्याली साथी ढूंढने शुरू कर दिए थे। अजय पकड़ा न जाते तो वह एक लुटेरा गैंग बनाकर बड़ी वारदात को अंजाम देने की तैयारी में था। उसने माना कि लूट के लिए इसने मुजफ्फरपुर से वेपन मंगवाना था।

बिहार के जिला मुजफ्फरपुर के थाना साहेबगंज के सब इंस्पेक्टर सुनील कुमार माओवादी अजय राय इतवार तक बिहार लेकर पहुंच जाएंगे। वहां पर इंटेलीजेंस से लेकर अन्य एजेंसियां अजय से पूछताछ करेंगी। दूसरी तरफ बिहार पुलिस अजय की इनपुट में फरार जीजा बसंत राय की तलाश में रेड कर रही है। एजेंसियां अजय के मोबाइल की कॉल डिटेल निकलवा कर जांच करेंगी, ताकि पता चल सके कि वह ज्यादातर वह किसके संपर्क में रहा है और जालंधर में उनके नेटवर्क से कौन-कौन लोग जुडे हुए थे।

बता दें कि देहात पुलिस के सीआईए स्टाफ-2 के इंचार्ज पुष्पबाली ने कोटला रोड से माओवादी अजय राय को पकड़ा था। अजय करीब पौने दो साल पहले भाग कर जालंधर आया था। फिर उसकी मां भी आ गई थी। अजय ने यहां पर एक नेपाली लड़की से शादी कर हरदयाल नगर में किराये के घर में रहना शुरू कर दिया था। अजय अक्सर अपना मोबाइल फोन घर पर ही रख कर जाता था और जालंधर में एक फैक्ट्री में काम करता था। पुलिस ने उसे गुप्त सूचना के आधार पर वीरवार को गिरफ्तार कर बिहार पुलिस को सौंप दिया था।

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