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पंजाब ड्रग केस की अगली सुनवाई 13 अक्टूबर को:HC की डबल बेंच ने इसी महीने की तारीख दी; STF की सीलबंद रिपोर्ट हो सकती है उजागर, सिद्धू बोले- ढाई साल बाद तस्कर बेनकाब होंगे

जालंधर4 महीने पहले
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पंजाब के बहुचर्चित ड्रग केस की सुनवाई अब 13 अक्टूबर को होगी। मंगलवार को पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने यह तारीख तय की। पहले इसकी सुनवाई नवंबर माह में होनी थी। पंजाब सरकार ने हाईकोर्ट में स्पेशल टास्क फोर्स (STF) जांच की सील बंद रिपोर्ट जमा की थी। HC में सुनवाई के दौरान इसमें दिए नेताओं के नाम सार्वजनिक होने के आसार हैं। इससे पहले सिद्धू ने ट्वीट कर कहा कि ढाई साल बाद नशा तस्करों के चेहरे बेनकाब होंगे। HC में चल रहे इस मामले की सुनवाई पहले 1 सितंबर को होनी थी। हालांकि तब जस्टिस अजय तिवारी ने खुद को सुनवाई से अलग कर लिया।

जिसके बाद चीफ जस्टिस ने नई बेंच को यह केस भेज दिया। जस्टिस एजी मसीह और जस्टिस अशोक कुमार वर्मा अब इसकी सुनवाई करेंगे। एडवोकेट नवकिरन सिंह ने पिछले साल इस मामले में जल्द सुनवाई की याचिका दायर की थी।

नशे के व्यापार के पीछे के मुख्य चेहरे आज बेनकाब होंगे
HC में सुनवाई से पहले नवजोत सिद्धू काफी उत्साहित हैं। सिद्धू ने कहा कि पंजाब में नशे के व्यापार के पीछे के मुख्य चेहरे आज बेनकाब होंगे। इसके लिए ढाई साल सीलबंद रहने के बाद STF की रिपोर्ट खुलेगी। कोर्ट द्वारा नाम बताए जाने के बाद पंजाब की पीड़ित जवानी और बच्चों को गंवा चुकी मां की यह पहली जीत होगी। सिद्धू ने कहा कि मुझे उम्मीद है कि दोषियों को ऐसी सजा मिलेगी कि पीढ़ियों तक नशा व्यापार को रोकने में मदद मिलेगी।

सिद्धू का सोशल मीडिया पर डाला बयान।
सिद्धू का सोशल मीडिया पर डाला बयान।

पंजाब में सामने आया था 6 हजार करोड़ का ड्रग रैकेट
पंजाब में कुछ साल पहले 6 हजार करोड़ का ड्रग रैकेट सामने आया था। जिसकी जांच एनफोर्समेंट डायरेक्टोरेट (ED) ने भी की थी। जिसमें पूर्व अकाली मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया से भी ईडी ने पूछताछ की थी। नवजोत सिद्धू इसी वजह से लगातार अकाली दल को निशाना बनाते रहे हैं। कैप्टन अमरिंदर सिंह की CM कुर्सी से छुट्‌टी को लेकर भी इसे एक बड़ी वजह बताया गया था। पंजाब में पिछले चुनावों में भी नशा बड़ा मुद्दा रहा। जिसका नुकसान तब सत्ता में रहे अकाली-भाजपा गठबंधन को भुगतना पड़ा।

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