निहंग डेरा चीफ पर 5 केस:बाबा अमन पर तस्करी जैसे आरोप, लखबीर केस में आरोपी चारों निहंग इन्हीं के दल के

लुधियानाएक महीने पहलेलेखक: दिलबाग दानिश
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हरियाणा में सिंघु बॉर्डर पर दशहरे वाली सुबह हुई पंजाबी युवक लखबीर सिंह की हत्या में जिन 4 निहंगों ने पुलिस के सामने सरेंडर किया है, वह चारों बाबा अमन सिंह के दल से ताल्लुक रखते हैं।

केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर के साथ फोटो सामने आने की वजह से सुर्खियों में आए निहंग बाबा अमन सिंह का विवादों से पुराना नाता रहा है। बाबा अमन सिंह के खिलाफ नशा तस्करी और मारपीट के आपराधिक केस दर्ज हैं और इनकी सुनवाई अदालतों में चल रही है। बाबा अमन सिंह कुछ समय के लिए कपूरथला की सेंट्रल जेल में बंद भी रह चुका है।

दैनिक भास्कर की पड़ताल में सामने आया कि पंजाब के बरनाला जिले में महलकलां थाने की पुलिस ने 14 जनवरी 2018 को चेकिंग के दौरान जरनैल सिंह निवासी रंगिया कोठे (बरनाला), रेशम सिंह निवासी गरचा रोड बरनाला, कुलविंदर सिंह हरजीत और बलकार सिंह से 9 क्विंटल गांजा बरामद किया।

पुलिस ने गुप्त सूचना के बाद इन चारों को इलाके की एक ड्रेन के पास से पकड़ा तो उनसे यह गांजा मिला। जांच के दौरान पुलिस ने अमन सिंह उर्फ बाबा निवासी बबनपुर, धूरी (जिला संगरूर) को भी इस केस में नामजद कर लिया। संगरूर की स्पेशल कोर्ट में इस मामले की सुनवाई चल रही है।

बाबा अमन सिंह के खिलाफ जालंधर के रामामंडी थाने में भी मारपीट के 4 आपराधिक केस दर्ज हैं। रामामंडी थाने में पहला केस 30 मई 2013 को आईपीसी की धारा 325, 324 के तहत दर्ज किया गया। रामामंडी थाने में ही अमन सिंह पर जुलाई 2017 और अक्टूबर 2017 में भी आईपीसी की धाराओं 447/511 व 107/151 के तहत मामले दर्ज किए गए। इनमें से एक केस में वह कपूरथला सेंट्रल जेल में बंद भी रह चुका है।

महलकलां पुलिस द्वारा दर्ज किए गए आपराधिक मामले का दस्तावेज
महलकलां पुलिस द्वारा दर्ज किए गए आपराधिक मामले का दस्तावेज

सिंघु पर हत्या के बाद से चर्चा में बाबा अमन सिंह का दल
सिंघु बॉर्डर पर 15 अक्टूबर की सुबह हुई तरनतारन जिले के चीमा गांव के लखबीर सिंह की हत्या के बाद बाबा अमन सिंह और उनका निहंग दल चर्चा में है। उनके दल के 4 निहंग पुलिस के सामने सरेंडर कर चुके हैं। इन चारों का कहना है कि लखबीर सिंह ने श्री गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी की और इसीलिए उन्होंने उसकी हत्या कर दी।

लखबीर की बर्बर हत्या के बाद तमाम लोग निहंग जत्थेबंदियों पर सवाल उठा रहे हैं। संयुक्त किसान मोर्चा तो स्पष्ट कह चुका है कि निहंग जत्थेबंदियों की सिंघु बॉर्डर पर कोई जरूरत नहीं है और उन्हें यहां से चले जाना चाहिए।

केंद्रीय कृषि मंत्री के साथ फोटो सामने आने से बढ़ा विवाद
लखबीर की हत्या के पांचवें दिन, 19 अक्टूबर को निहंग बाबा अमन सिंह की केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर और कुछ अन्य भाजपा नेताओं के साथ फोटो वायरल हुई। यह फोटो 5 अगस्त 2021 को केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्यमंत्री कैलाश चौधरी के घर ली गई।

इनमें बाबा अमन सिंह केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर, कैलाश चौधरी, लुधियाना के भाजपा किसान सेल के राष्ट्रीय सचिव सुखमिंदरपाल सिंह ग्रेवाल, पंजाब पुलिस से बर्खास्त किए जा चुके विवादित इंस्पेक्टर गुरमीत सिंह ‘पिंकी’ और कुछ अन्य लोगों के साथ नजर आ रहे हैं।

एक फोटो में तोमर बाबा अमन सिंह को सिरोपा पहना रहे हैं तो दूसरी फोटो में अमन सिंह डाइनिंग टेबल पर बैठकर भाजपा नेताओं के साथ खाना खा रहे हैं। यह फोटो सामने आने के बाद बाबा अमन सिंह पर कई तरह के सवाल उठ रहे हैं जिनका जवाब उन्होंने नहीं दिया।

बाबा अमन सिंह का कहना है कि समय के साथ सब कुछ स्पष्ट हो जाएगा। वह 27 अक्टूबर को सिंघु बॉर्डर पर बुलाई गई निहंग जत्थेबंदियों की ‘धार्मिक स्वतंत्रता’ में सारे सवालों का जवाब देंगे। हालांकि उससे पहले ही उन पर आपराधिक केस दर्ज होने की जानकारियां सामने आ गईं।

35 साल के बाबा अमन की छावनी चमकौर साहिब में
35 साल के बाबा अमन सिंह ‘शिरोमणि पंथ अकाली बुड्‌ढा दल पंजवां तख्त चलदा वहीर चक्रवर्ती निहंग सिंहां पंजाब हिंदुस्तान’ से संबंधित हैं। 10 माह से वह अपने दल के लगभग 40 निहंगों के साथ सिंघु बॉर्डर पर संयुक्त किसान मोर्चा की स्टेज के ठीक पीछे तंबू लगाकर बैठे हैं। यूं भी कह सकते हैं कि दिल्ली की तरफ से आए निहंगों के तंबू के बाद ही नेशनल हाईवे पर किसानों का कब्जा है।

बाबा अमन सिंह चमकौर साहिब एरिया के गुरुद्वारा जोड़ा साहिब में रहकर सेवा कर रहे हैं और दल की छावनी वहीं पर है। किसान आंदोलन के दौरान एक समय ऐसा भी आया, जब दिल्ली पुलिस ने सिंघु बॉर्डर से संयुक्त किसान मोर्चा का स्टेज हटाने का प्रयास किया, तब सिंघु बॉर्डर पर बैठी 5 निहंग जत्थेबंदियां भी उनके सामने डटकर खड़ी हुई थीं। इनमें बाबा अमन सिंह का दल भी है।

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