यूपी के किसानों को मुआवजा:कपास की फसल बर्बादी का मुआवजा नहीं, पंजाब सरकार ने दूसरे राज्य के किसानों को दिए 2.5 करोड़

लुधियानाएक महीने पहले
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लखीमखेरी में परिवार को चेक देते हुए कृषि मंत्री रणदीप सिंह। - Dainik Bhaskar
लखीमखेरी में परिवार को चेक देते हुए कृषि मंत्री रणदीप सिंह।

पंजाब सरकार ने वादे के अनुसार लखीमपुर खीरी में हादसे के दौरान मरे 5 लोगों को ढाई करोड़ रुपए के चेक सौंप दिए। इसके लिए उत्तर प्रदेश में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कृषि मंत्री काका रणदीप सिंह ने कार्यक्रम के दौरान मृतकों के परिवारों को चेक वितरित किए।

गौरतलब है कि लखीमपुर खीरी में 3 अक्टूबर को हुई घटना के दौरान चार किसानों और एक पत्रकार की मौत हो गई थी। इस मामले में केंद्रीय राज्य मंत्री अजय मिश्र के बेटे पर किसानों को रौंदने का आरोप लगा था। इस हादसे में दिलजीत सिंह, गुरविंदर सिंह, लवप्रीत सिंह, नछतर सिंह और पत्रकार रमन कश्यप की मौत हो गई थी। हादसे के बाद पंजाब से कई राजनीतिक दलों के नेताओं ने वहां पहुंचने का प्रयास किया था लेकिन उन्हें रास्ते में ही रोक दिया गया। कांग्रेस नेता राहुल गांधी, पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के साथ लखीमपुर खीरी पहुंचे थे और वहां पर मृतक किसानों के परिजनों को 50-50 लाख रुपए देने का ऐलान किया था। शुक्रवार को कृषि मंत्री ने इस ऐलान के तहत चेक सौंपे।

लखीमपुर खीरी में किसान के परिवार को चेक देते हुए कृषि मंत्री रणदीप सिंह।
लखीमपुर खीरी में किसान के परिवार को चेक देते हुए कृषि मंत्री रणदीप सिंह।

पंजाब के मृतक किसानों को मुआवजा न देने पर घिर चुकी है सरकार

दिल्ली में चल रहे कृषि कानूनों के खिलाफ पिछले 10 माह से प्रदर्शन चल रहा है। इस दौरान 800 से ज्यादा किसानों की मौत हो चुकी है। इसी को लेकर विरोधी मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी और कृषि मंत्री पर तंज कस रहे हैं। कहा जा रहा है कि पंजाब के किसानों को तो मुआवजा मिल नहीं रहा है और दूसरे राज्यों के किसानों की सुध लेने मुख्यमंत्री और कैबेनिट मंत्री तुरंत पहुंच जाते हैं। यही नहीं तरनतारन के दलित व्यक्ति की सिंघु बॉर्डर पर हुई हत्या के मामले में भी मुख्यमंत्री का कोई बयान नहीं देने का भी विरोध हो चुका है।

किसानों की सूची जिन्हें यह चेक दिए गए हैं।
किसानों की सूची जिन्हें यह चेक दिए गए हैं।

कपास के मुआवजे को लेकर आक्रामक है विपक्ष

मालवा में बड़े स्तर पर कपास की फसल को गुलाबी सुंडी ने नुकसान पहुंचाया है। शिरोमणि अकाली दल बादल के मुद्दा उठाने के बाद मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी खुद मौके पर पहुंचे थे और जल्द मुआवजे का ऐलान किया था। मगर अभी तक गिरदावरी ही पूरी नहीं हो सकी है। इस कारण पंजाब सरकार विरोधियों के निशाने पर है। शिरोमणि अकाली दल बादल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल और पूर्व केंद्रीय मंत्री हरसिमरत कौर बादल ने भी सवाल उठाया है कि बड़े-बड़े होर्डिंग्स लगाकर किसानों को मुआवजा देने की बातें की जा रही हैं, हकीकत में ऐसा कुछ भी नहीं हुआ है।