पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

नहर ने ली जान:सरहिंद-पटियाला नहर में नहाने गए 6 दोस्त, मिल के मुंशी के रोकने के बाद भी नहीं रुके

मंडी गोबिंदगढ़22 दिन पहलेलेखक: स्वर्णजीत सिंह अश्क
  • कॉपी लिंक

लोहा नगरी के रहने वाले 2 लड़के सरहिंद- पटियाला नहर में रविवार देर शाम डूब गए। एएसआई जसपाल सिंह ने बताया कि उक्त दोनों लड़के गांव अंबेमाज़रा किसी मिल में लेबर का काम करते थे। शाम 4:30 बजे के करीब हादसा हुआ। डूबने वालों में विकास (18), विशाल (19) निवासी गुरु की नगरी मंडी गोबिंदगढ़ के हैं। जसपाल सिंह ने बताया कि नहर के पास ही खड़े लोगों ने बताया कि पहले एक का पैर फिसला उसे बचाते हुए दूसरा भी डूब गया। यह करीब पांच-छ लड़के थे। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

राहुल के मुताबिक सभी छह दोस्तों ने रात की शिफ्ट लगाई थी। वह सुबह की शिफ्ट लगा रहे हैं। उनका पिछले कई दिनों से नहर पर नहाने का प्रोग्राम बन रहा था। उन्होंने सोचा कि आज जल्दी चलते हैं। राहुल ने बताया कि जल्द जाने को लेकर मिल में किसी से विकास और विशाल की बहस भी हुई। क्योंकि मिल का मुंशी कह रहा था कि 5 बजे तक शिफ्ट पूरी लगाओ और वह जल्द निकल पड़े।

पुरानी दोस्ती के चलते साथ ही काम करते थे सभी

विकास की उम्र 18 वर्ष है। 12 कक्षा में पढ़ता भी था और साथ में लेबर का काम करता था। माता-पिता घर में ही दुकान बनाकर सब्ज़ी बेचने का काम करते हैं। विकास का एक छोटा भाई और बहन है जबकि दो बड़ी बहनों की शादी हो चुकी है। विशाल के भाई नरिंदर ने बताया कि वह 12वीं कक्षा में पढ़ता है। इसी महीने काम पर लगा था।

ऑनलाइन क्लास चल रही है। घर में दो बहन तीन भाई है। विशाल सबसे छोटा भाई है। इससे छोटी एक बहन है। पिता बर्गर समोसे की रेहड़ी लगाते है। नरिंदर ने बताया कि सुबह साढ़े छह करीब मेरी विशाल से बात हुई थी वह मिल में जा रहा था बस उसके बाद वह सो गया। करीब चार-साढ़े चार फोन आया कि वह डूब गया है। पुरानी दोस्ती होने के कारण काम इकठा ही करते थे।

केवल एक ही दोस्त को आता था तैरना

डूबे लड़कों के दोस्त राहुल ने बताया कि 6 दोस्त नहाने गए थे। जिसमें विकास, विशाल, राहुल, बिटू, गोपी और आशीष शामिल थे। विकास और विशाल डूब गए। राहुल ने बताया कि हम सभी स्क्रैप उतारने (लेबर) का काम करते है। विकास और विशाल मेरे क्लासमेट भी है। हम तीनों ने दसवीं तक पढ़ाई एक साथ की है। गर्मी ज्यादा थी आज हम सभी ने मिलके नहाने का प्लान किया। लगभग साढ़े तीन दोपहर को हम मिल से निकले। करीब सवा चार के बीच वह दोनों डूब गए। हममें से केवल गोपी को तैरना आता था उसने बचाने की कोशिश भी की। सभी नहर के साथ जो सीढ़ियां बनी होती हैं, उस पर बैठकर नहा रहे थे।

खबरें और भी हैं...