पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • Local
  • Rajasthan
  • Ajmer
  • Government Abandons Dogma, Finds Solutions For Relief; BJP Kisan Morcha Submitted Memorandum In The Name Of CM To The Collector

पटवारी हड़ताल से परेशान किसान:हठधर्मिता छोडे़ सरकार, राहत के लिए निकाले हल; भाजपा किसान मोर्चा ने CM के नाम ज्ञापन कलेक्टर को सौंपा

अजमेर2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
कलेक्टर को ज्ञापन। - Dainik Bhaskar
कलेक्टर को ज्ञापन।

प्रदेश में चल रही पटवारियों की अतिरिक्त कार्य बहिष्कार की हड़ताल के चलते किसानों को परेशानी हो रही है। भाजपा किसान मोर्चा ने इस आशय का ज्ञापन मुख्यमंत्री के नाम जिला कलेक्टर को सौंपा। पदाधिकारियों ने सरकार से हठधर्मिता छोड़कर किसानों को राहत देने के लिए सकारात्मक हल निकालने की मांग की है।

भाजपा किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष भंवरलाल बूला, पुष्कर विधायक सुरेश सिंह रावत आदि ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन कलेक्टर को सौंपा और ज्ञापन में बताया कि केंद्र व राज्य सरकार की विभिन्न लोक कल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन और योजना का लाभ वास्तविक हकदार व्यक्ति तक पहुंचाने में ग्राम पंचायत स्तर पर पटवारी की महत्वपूर्ण भूमिका है। वर्तमान में राजस्थान में पटवारी के लगभग 5000 पद रिक्त हैं। जिनका कार्य अतिरिक्त पटवार मंडल के रूप में कराया जा रहा था।

ज्ञापन में बताया कि पूरे राजस्थान में गत 15 जनवरी 2021 से पटवारियों की ओर से अनिश्चितकालीन हड़ताल कर अजमेर सहित संपूर्ण राजस्थान में अतिरिक्त पटवार मंडलों के कार्य का बहिष्कार किया हुआ है। इस कारण किसान अपने छोटे-छोटे कार्यों के लिए परेशान हो रहा है, परंतु राजस्थान सरकार द्वारा किसानों की समस्याओं के निराकरण के लिए कोई प्रयास नहीं किया जा रहा है।

उन्होंने बताया कि सरकार की इस अनदेखी के कारण किसान राजस्व सहित विभिन्न समस्याओं से जूझ रहा हैं। ऐसे में सरकार को हठधर्मिता छोड़कर इस समस्या का हल निकालना चाहिए।

  • किसानों के भूमि व राजस्व संबंधी समस्त कार्य अटके पड़े है, जिससे किसानों के कृषि कनेक्शन, रजिस्ट्री व भू-रूपांतरण आदि कार्य नहीं हो पा रहे हैं।
  • अपनी कृषि भूमि वित्तीय संस्थाओं व बैंको में रहन रखी जाकर किसान क्रेडिट कार्ड बनवाने का कार्य पटवारी हड़ताल के कारण बिल्कुल ठप हो गया है।
  • ऋण नहीं मिलने के कारण किसान को अपनी जरूरतों के लिए पुनः साहूकारों के पास चक्कर लगाने हेतु मजबूर होना पड़ रहा है।
  • गिरदावरी नहीं किए जाने के कारण किसानों को प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना व न्यूनतम समर्थन मूल्य योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
खबरें और भी हैं...