एम्बुलेंस ड्राइवरों का "आपदा में अवसर":अजमेर में नहीं थम रही लूट; परिवहन विभाग ने तय किया है किराया, फिर भी तीमारदारों की मजबूरी का फायदा उठाकर वसूल रहे ज्यादा पैसा

अजमेर6 महीने पहले

कोरोना महामारी जैसी आपदा में भी कई लोग अवसर तलाश रहे है और सरकार इनकी मनमानी पर अंकुश लगाने के लिए आदेश भी जारी कर रही है, लेकिन इन आदेशों की पालना में बरती जा रही कोताही के कारण आमजन के साथ हो रही लूट पर अंकुश नहीं लग रहा। एम्बूलेंस ड्राइवरों की लूट व मनमाने किराया वसूली की शिकायत को लेकर परिवहन विभाग ने किराया राशि निर्धारण कर दी, लेकिन अजमेर में अब भी एम्बूलेंस चालकों पर इस आदेश का कोई असर नहीं है। एम्बूलेंस चालक किलोमीटर पर नहीं बल्कि अपनी मनमर्जी से किराया राशि की वसूली कर रहे हैं।

ऐसे है अजमेर में हालात

भास्कर ने जब इन एम्बूलेंस चालकों से जाकर बात की तो उन्होंंने निर्धारित किराए से ज्यादा राशि की मांग की। अजमेर से किशनगढ़ की दूरी 30 किलोमीटर व जयपुर की दूरी 140 किलोमीटर है। ऐसे में जो सरकार ने किराया तय किया है, उसके अनुसार किशनगढ़ का 1000 रुपए व जयपुर का 3250 रुपए ही किराया बनता है। जवाहर लाल नेहरू चिकित्सालय के बाहर मारुति वैन वाले एम्बूलेंस चालकों सोनू, जुगनू व फिरोज से बात की तो किशनगढ़ का 1200 रुपए व जयपुर का 4000 रुपए मांगा गया। इसी प्रकार अजमेर में भी जाने के लिए 700 रुपए मांगे गए, जबकि 500 रुपए ही 10 किलोमीटर का अधिकतम किराया है।

अजमेर जेएलएन अस्पताल के बाहर खड़ी एम्बूलेंस
अजमेर जेएलएन अस्पताल के बाहर खड़ी एम्बूलेंस

परिवहन विभाग ने यह तय किया किराया

परिवहन आयुक्त महेंद्र सोनी की ओर से सोमवार को प्रदेश में एंबुलेंस व शव वाहनों के किराए को एक समान किया। जिसके अनुसार प्रथम 10 किलोमीटर तक का 500 रुपये किराया तय किया, जिसमें वाहन का आना-जाना शामिल हैं। इसमें 10 किलोमीटर के बाद मारूति वेन, मार्शल, मैक्स आदि वाहनों का किराया प्रति किमी 12.50, टवेरा, इनोवा, बोलेरो, कूर्जर, रायनो आदि वाहनों का किराया 14.50 प्रति किलोमीटर एवं अन्य बड़े एम्बुलेंस, शव वाहनों का किराया 17.50 प्रति किलोमीटर निर्धारित किया हैं। वाहन में एसी की सुविधा होने पर 1 रुपया प्रति किमी अतिरिक्त शुल्क रखा गया। वाहन को रात्रि का अतिरिक्त किराया देय नहीं होगा। वाहन संचालक वाहन की धुलाई के लिए भी अतिरिक्त शुल्क नहीं वसूल सकेंगे।

इस तरह से होगी किराए की गणना

उदाहरण के लिए कोई वाहन (मारूति एंबुलेंस द्वारा) 30 किमी की यात्रा करता है, तो कुल 30 किमी-10 किमी अर्थात 20 किमी गुणा 2 = कुल 40 किमी दूरी मानी जाएगी। देय किराया प्रथम 10 किलोमीटर का 500 न्यूनतम तथा अगले 20 किमी का 40 किमी की दूरी मानते हुए दर 12.50 से अर्थात 500 रुपए देय होगा। कुल किराया 1000 रुपए होगा।

खबरें और भी हैं...