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देखें VIDEO, कैसे अस्पताल के मैसेज से मचा हड़कंप:हमारे पास पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं है, आप अपने मरीजों को सुबह दूसरे अस्पताल में शिफ्ट कर लें... परिजनों के होश उड़े

अजमेर2 महीने पहले
अस्पताल के बाहर एकत्रित हुए परिजन।

अजमेर के मित्तल हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर के मैसेज ने सोमवार रात को परिजनों के होश उड़ा दिए। अस्पताल प्रबंधन ने लिखा- हॉस्पिटल में ऑक्सीजन का स्टॉक खत्म हो गया है। मंगलवार सुबह 10 बजे तक अपने मरीज को ले जाएं। इसके बाद तो हर ओर अफरा-तफरी का माहौल हो गया। मरीजों के साथ ही परिजनों की सांसें फूलने लगीं।

परिजन अस्पताल के बाहर एकत्र हो गए और शहर में अन्य जगह अपने मरीज को शिफ्ट करने के लिए प्रयास किए, लेकिन सफल नहीं हुए। मामले की जानकारी जब जिला प्रशासन को मिली तो अस्पताल प्रबन्धन को ऐसा नहीं करने के लिए पाबंद किया। सुबह जब मरीजों से बात की तो बताया कि उनके लिए प्रशासन ने 50 सिलेंडर की व्यवस्था कराई और अब फिलहाल कोई दिक्कत नहीं है।

यह था मैसेज

हमें आपको यह बताते हुए खेद है कि मित्तल हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर में एयर लिक्विड नॉर्थ इंडिया प्राइवेट लिमिटेड से ऑक्सीजन की पर्याप्त आपूर्ति नहीं मिल रही है। केंद्र सरकार द्वारा आवंटित अपर्याप्त कोटे के कारण हमारे यहां ऑक्सीजन की कमी हाे रही है। फिर भी हम ऑक्सीजन पाने की कोशिश कर रहे हैं और सरकार के सभी स्तरों पर प्रयास कर रहे हैं। हालांकि, हमें ऑक्सीजन नहीं मिल रही है। हमारे पास कल सुबह यानी मंगलवार तक ही मरीजों को देने के लिए ऑक्सीजन स्टॉक में है। आपके सम्मानित रोगी के कल्याण के लिए हम विनम्रतापूर्वक आपसे अनुरोध करते हैं कि कृपया रोगी को किसी अन्य केंद्र में किसी भी तरह से सुबह 10 बजे से पहले स्थानांतरित कर दें। यह संदेश मित्तल अस्पताल प्रशासन की ओर से जारी किया गया है।

मरीजों में खलबली

कुछ ऐसे ही संदेश मरीजाें के परिजनों के माेबाइल पर आते ही खलबली मच गई। एक-एक करके वहां भर्ती मरीजाें के माेबाइल पर मैसेज भेजे गए। मैसेज काे पढ़कर परिजनाें के बीच असमंजस की स्थिति हाे गई है कि वह अपने मरीजाें काे ऐसी अवस्था में कहां लेकर जाएं। मित्तल अस्पताल में अधिकांश मरीज ऑक्सीजन व वेंटिलेटर पर हैं। ऐसे में मरीज काे शिफ्ट करना उनकी जान जाेखिम में डालना है। जिले के सभी अस्पताल फुल हैं। ऐसे में मरीज काे परिजन रात में कहां लेकर जाएं, इसी काे लेकर परिजन परेशान हैं। मैसेज आने के बाद परिजन तुरंत जेएलएन अस्पताल पहुंचे लेकिन यहां पर भी बेड फुल हैं। ऑक्सीजन का स्टाॅक यहां पर भी मरीजाें की भर्ती जितना ही है।

प्रशासन ने किया हस्तक्षेप

मित्तल अस्पताल से मरीजो काे शिफ्ट करने के मैसेज जारी हाेते ही लाेग पैनिक हाेने लगे। कुछ ही देर में मरीजाें के परिजनाें का जमावड़ा अस्पताल के बाहर लग गया। यहां हालात बिगड़ते इससे पहले ही जिला कलेक्टर प्रकाश राजपुराेहित ने इस मामले में हस्तक्षेप करते हुए मित्तल अस्पताल के संचालकाें काे पाबंद किया कि यहां से मरीजाें काे शिफ्ट नहीं किया जाएगा। ऑक्सीजन की व्यवस्था के लिए निर्देश दिए हैं। इसके बाद सुबह मरीजों को शिफ्ट नहीं करने पर परिजन ने फिलहाल राहत की सांस ली।

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