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शराब के अवैध कारोबार पर शिकंजा:सांसी बस्ती में सुलग रहीं शराब की भट्टियाें काे पुलिस दल ने किया नष्ट

अजमेरएक महीने पहले
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  • कच्ची शराब भी बरामद, आरोपी महिला फरार, युवक गिरफ्तार

काेराेना काल में शराब का अवैध काराेबार करने वालाें पर पुलिस ने शिकंजा कस दिया है। एसपी जगदीश चंद्र शर्मा के निर्देश पर गुरुवार काे रामगंज थाना पुलिस दल ने भगवान गंज सांसी बस्ती, कंजर बस्ती इलाकाें में कच्ची शराब की भट्टियाें काे नष्ट किया और शराब बनाने की सामग्री करीब डेढ़ हजार लीटर वाॅश भी माैके पर नष्ट कर दिया। पुलिस ने एक शराब तस्कर काे तीन कार्टन शराब के साथ गिरफ्तार किया है, जबकि कच्ची शराब बनाकर बेचने वाली महिला गीता और उसकी साथी महिलाएं माैके से भाग छूटी।

काेराेना चेन ताेड़ने के लिए लागू रेड अलर्ट जन अनुशासन पखवाड़े में शराब की वैध दुकानाें का समय सुबह से 6 से 11 बजे तक करने का असर यह है कि शहर में अवैध शराब के काराेबार काे ऑक्सीजन मिल गई है। पिछले साल भी लाॅकडाउन के दाैरान अवैध शराब के ठिकाने आबाद हाे गए थे। एसपी जगदीश चंद्र शर्मा के निर्देश पर गुरुवार काे रामगंज थाना प्रभारी सत्येन्द्र सिंह नेगी ने अवैध शराब काराेबारियाें पर कार्रवाई के लिए टीम गठित की थी।

आई राजाराम सहित टीम ने सांसी बस्ती में कच्ची शराब बनाने वालाें के ठिकानाें पर दबिश दी। कच्ची शराब की भट्टियां सुलगा रही महिलाएं माैके से भाग गईं। पुलिस ने माैके पर ही भट्टियाें काे नष्ट कर दिया और बड़ी मात्रा में शराब बनाने में प्रयुक्त सामग्री भी नष्ट की। माैके से कच्ची शराब बरामद की गई है। अवैध शराब के ठिकाने काे संचालित करने वाली गीता पत्नी श्रवण के खिलाफ पुलिस ने आबकारी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है। सांसी बस्ती में नाले के निकट अंग्रेजी शराब की तीन कार्टन सहित मुकेश उर्फ बंडा काे पुलिस दल ने गिरफ्तार कर लिया।

आबकारी विभाग ने जिले में अधिकृत शराब विक्रेताओं काे शराब बेचने के टारगेट निर्धारित किए हैं। इन लाेगाें ने माेटी राशि का निवेश भी किया है। टारगेट नियमाें की पालना नहीं करने वाले लाइसेंसियाें से पेनल्टी राशि भी वसूली जा रही है, जबकि माैजूदा स्थिति यह है कि दुकानदार सुबह 6 से 11 बजे तक अपने टारगेट काे पूरा ही नहीं कर पा रहे हैं। ऐसी हालत में लाइसेंसी पेनल्टी से बचने के लिए अपना माल अवैध शराब काराेबारियाें काे देने पर मजबूर हैं। शराब की दुकानाें का ज्यादातर माल अवैध ठिकानाें पर बेचा जा रहा है।

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