पुष्कर पशु हाट मेला कल से:आबाद होने लगे धोरे, 150 ऊंट समेत दो सौ पशु पहुंचे

पुष्कर22 दिन पहले
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पुष्कर पशु हाट मेले में राजस्थान सहित आसपास के राज्यों से ऊंट, घोड़े सहित अन्य जानवर पहुंचने लगे हैं - Dainik Bhaskar
पुष्कर पशु हाट मेले में राजस्थान सहित आसपास के राज्यों से ऊंट, घोड़े सहित अन्य जानवर पहुंचने लगे हैं

पुष्कर पशु हाट मेला सोमवार से शुरू होगा। मेला शुरू होने से पहले ही पशु और पशु पालकों की आवक शुरू हो गई है। रेतीले धोरे भी आबाद होने लगे हैं। अब तक मेला मैदान में 150 ऊंट समेत दो सौ से अधिक जानवर पहुंच गए हैं तथा इनकी आवक लगातार जारी है। इस वर्ष पुष्कर पशु मेला पुराने मेला मैदान की जगह मोतीसर रोड स्थित नए मैदान में भरेगा। मेले की प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां युद्धस्तर पर चल रही हैं। मेला मैदान में अश्व शालाएं व अस्थाई दुकानें सजने लग गई हैं।

सार्वजनिक निर्माण विभाग की ओर से नए मेला मैदान में बरड़ा डालकर सड़क निर्माण का कार्य करवाया जा रहा है। पशुओं के पीने के पानी के लिए पानी की खेलियों की मरम्मत व साफ सफाई का कार्य लगातार जारी है। जलदाय विभाग ने खेलियों में जलापूर्ति शुरू कर दी है। डिस्कॉम की ओर से बिजली के खंभे लगाए जा रहे हैं। शनिवार को प्रशिक्षु आईपीएस सुमित मेहरड़ा व सीआई महावीर शर्मा ने कस्बे में दौरा कर यातायात व्यवस्था का जायजा लिया। मेला मैदान में पेट्रोलिंग शुरू कर दी गई है।

पशुपालकों की शिकायत...मेले में पर्याप्त व्यवस्था नहीं की गई है

मेला मैदान को लेकर पशुपालकों में असमंजस की स्थिति बनी हुई है। मेले में आ रहे ऊंट पालक अपने जानवरों के साथ पुराने मैदान में डेरा डाल रहे हैं। वही अश्व पालक नए मैदान में अपने तम्बू गाड़ रहे हैं। हनुमान गढ़ के ऊंट पालकों का कहना है कि नए मैदान में उनके जानवरों के लिए व्यवस्था नहीं की गई है। पूरे मैदान पर अश्व पालकाें ने टेंट तान कर कब्जा कर लिया है। जहां खाली जगह बची है, वहां न तो पानी की खेलियां है न ही बिजली की व्यवस्था। वहीं नए मैदान में करीब 20 घोड़े-घोड़ी लेकर आए बरेली यूपी के अश्व पालक बाबू लाल का कहना है कि अभी तक पानी की व्यवस्था नहीं की गई है, जिससे उन्हें टैंकर मंगवाने पड़ रहे हैं।

कल सुबह से शुरू हो जाएंगी रवन्ना चौकियां​​​​​​​

पुष्कर मेला के लिए पशु पालन विभाग ने भी तैयारियां पूरी कर ली हैं। 100 पशु चिकित्सा कार्मिक मेला अवधि में डयूटी पर रहेंगे। पशुओं के रजिस्ट्रेशन के लिए सोमवार सुबह से रवन्ना चौकी स्थापित हो जाएंगी। विभाग के संयुक्त निदेशक डॉ. प्रफुल्ल माथुर की अगुवाई में विभागीय टीम मेला की तैयारियों में लगी नजर आ रही है। जिले के विभिन्न पशु चिकित्सा केंद्रों पर कार्यरत पशु चिकित्सा अधिकारी, पशु चिकित्सकों और पशु धन सहायकों को मेले में लगाया गया है। ये स्टाफ रविवार को पहुंच जाएगा। इधर, मेले में पशु पालकों द्वारा लाए जाने वाले पशुओं के रजिस्ट्रेशन के लिए विभाग की ओर से पुष्कर के विभिन्न क्षेत्रों में 10 रवन्ना चौकियां स्थापित की जाएंगी।

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