भुगतान अटकने से काम अधूरा:अमृत याेजना में 4500 से अधिक कनेक्शन बकाया, अधिकांश के डिमांड नोटिस जमा

अलवर9 महीने पहले
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प्रतिकात्मक फोटो - Dainik Bhaskar
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  • ठेका कंपनी 22 कराेड़ का भुगतान बाकी हाेने से काम की गति नहीं बढ़ा रही, लाेग परेशान

कृषि क्षेत्र में आबाद हाेने के बाद यूआईटी से नियमन की प्रक्रिया पूरा करने वाली काॅलाेनियाें के लिए बनाई अमृत याेजना में लाेगाें काे नल कनेक्शन नहीं मिल रहे हैं। अभी 4500 कनेक्शन बकाया चल रहे हैं। इनमें अधिकांश के डिमांड नाेटिस जारी हाेने के बाद भी विभाग कनेक्शन नहीं करा पा रहा है। ठेका कंपनी की काम करने की गति काे धीमा बता रहा है।

इसके अलावा ठेका कंपनी के 22 कराेड़ के बकाया भुगतान का भी कारण बताया जा रहा है। इन कारणाें से लाेग परेशान हाे रहे हैं। लाेग डिमांड नाेटिस की रसीद लेकर जलदाय विभाग पहुंचते हैं। कनेक्शन दिलाने की मांग करते हैं, लेकिन कनेक्शन हाे नहीं किए जा रहे हैं। वार्ड नं. 28, 32, 38, 39, 40, 41, 42, 43, 44, 45, 46, 51, 52, 53, 54, 55, 56, 57, 61 और 65 के क्षेत्राें में अमृत याेजना के तहत पानी की स्कीम बनाई गई थी।

इस याेजना में आने की पात्रता रखने वाले वार्डाें क्षेत्र के निवासियाें ने पानी कनेक्शन के लिए आवेदन किया था। इनमें से वार्ड 55 क्षेत्र में लाइन मिलान का काम नहीं हाेने से कनेक्शन नहीं हाे पा रहे हैं। वार्ड 56 व 57 में टंकी से मिलान का काम भी अधूरा है। इन वार्डाें में भी कनेक्शन शुरू कर दिए गए पर पूरे नहीं दिए गए हैं। इन वार्ड क्षेत्राें के लाेगाें का कहना है कि गर्मी का माैसम शुरू हाे गया है, पानी कनेक्शन नहीं हाेने से परेशानी बढ़ रही है।

पार्षदाें ने बताया कि अधिकांश डिमांड नाेटिस जमा हाे चुके हैं। वार्ड 41 में 70, वार्ड 43 में 40 0, वार्ड 44 में 240, वार्ड 46 में 50, वार्ड 52 में 350, वार्ड 53 में 80, वार्ड 54 में 230, वार्ड 55 में 280, वार्ड 56 में 300, वार्ड 57 में 325, वार्ड 61 में 120 सहित अन्य वार्डाें में भी डिमांड नाेटिस जारी हाेने के बाद कनेक्शन नहीं किए जा रहे है। इन वार्डाें के लाेग जलदाय विभाग के चक्कर लगा रहे है। उन्हें कनेक्शन के नाम पर केवल आश्वासन मिल रहे हैं।

करीब 4500 कनेक्शन बकाया हैं। इन पर काम चल रहा है। ठेका कंपनी की गति धीमी हाेने से अधिक कनेक्शन नहीं हाे रहे हैं। ठेका कंपनी का 22 कराेड़ बकाया चल रहा है। हमारी ओर से पिछले महीने 2 कराेड़ रुपए का भुगतान किया गया है। वे बकाया की बात कहकर काम की गति नहीं बढ़ा रहे हैं। हमारे पास लगातार शिकायतें आ रही है। 4500 में से 1500 डिमांड नाेटिस जमा हुए हैं। इतने ही जमा किए जाने हैं। कुछ फाइलाें पर आब्जेक्शन भी लगा है। शिकायताें के बाद हम काम तेज कराने की काेशिश कर रहे हैं।

-जेपी मीणा, एक्सईएन, जलदाय विभाग

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