कलेक्टर के घर के बाहर विरोध:कोविड स्वास्थ्य सहायक को 5 माह से सैलेरी नहीं मिली, अब तक वेतन नहीं मिला

अलवर6 महीने पहले
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कलेक्टर आवास के बाहर कोविड हैल्थ सहायक। - Dainik Bhaskar
कलेक्टर आवास के बाहर कोविड हैल्थ सहायक।

कोविड स्वास्थ्य सहायक मंगलवार सुबह अलवर कलेक्टर नन्नूमल पहाड़िया के आवास पर पहुंचे। कोविड सहायकों को 5 माह से सैलेरी नहीं मिली। विरोध स्वरूप कलेक्टर के घर के बाहर पहुंचे। अब भी सुनवाई नहीं हुई तो जयपुर में बड़ा आंदोलन करने की चेतावनी दी है।

कोविड स्वास्थ्य सहायक राजेश शर्मा ने बताया कि जून 2021 से सैलेरी नहीं मिली है। दिवाली भी सूखी निकल चुकी है। घर के खर्च चलाने मुश्किल हो गए है। मजबूरी में कार्य का बहिष्कार कर विरोध करना पड़ता है। पहले सीएचसी के बाहर विरोध कर चुके हैं। अब कलेक्टर से मिलने आए हैंं। इससे पहले कैबिनेट मंत्री टीकाराम जूली को अवगत कराया जा चुका है। इसके बावजूद भी सुनवाई नहीं हो सकी है।

शर्मा ने बताया कि कोरोना संक्रमण में भी जून माह से कार्य कर रहे हैं। चाहे घर घर सर्वे करने हो या टीकाकरण। हर तरह के कार्य में सीएचए को लगा रखा है। अलवर शहर में 140 सीएचए हैं। सहायक का वेतन 7 हजार 900 रुपए प्रतिमाह है। लेकिन साढ़े पांच माह से एक रुपया नहीं मिला है।

एडीएम को अवगत कराया
पहले हमने एडीएम को अवगत कराया। पहले धरने की अनुमति मांगी। लेकिन बाद में मना कर दिया गया। पहले कहा सात दिन में सैलेरी आ जाएगी। अब तक कोई पता नहीं है। अब सवाल ये है कि परिवार का भरण पोषण कैसे करें। अभी तक हमारा कोई समाधान नहीं हो सका है। इस कारण कलेक्टर के पास पहुंचे हैं। कलेकटर ने कार्यालय में बुलाया है। वहां पहुंचकर मुलाकात करेंगे। वैसे हमको नोटिस देने का दबाव भी बनाया जा रहा है। हम पहले ही कार्य बहिष्कार कर चुके हैं। अब सैलेरी नहीं मिलने तक आंदोलन जारी रहेगा।

फिर जयपुर जाएंगे
कोविड स्वास्थ सहायक राजेश शर्मा ने बताया कि जल्दी समस्या का समाधान नहीं किया गया तो जयपुर कूच करेंगे। वहां धरना देंगे। उधर, सीएमएचओ डॉ ओपी मीणा का कहना है कि कोविड स्वास्थ्य सहायक का मानदेय जल्दी जारी होगा। आगे से भुगतान आते ही कर दिया जाएगा।