अधिकारियाें की बैठक:मंत्री ने क्लास ली ताे जलदाय एसीई भूल गए गिनती, पानी की समस्या पर फटकारा

अलवर9 महीने पहले
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  • जूली ने विभिन्न विभागाें के अधिकारियाें की ली बैठक, गैरहाजिर खनि अभियंता काे नाेटिस देने के निर्देश

श्रम राज्यमंत्री टीका राम जूली ने शनिवार काे यहां डीआरडीए के हाॅल में आयाेजित जिले के अधिकारियाें की बैठक में जलदाय अधिकारियाें की क्लास ली ताे कार्यवाहक अतिरिक्त मुख्य अभियंता केसी मीणा गिनती ही भूल गए। जूली ने पूछा-पिछले साल शहर में कितने ट्यूूबवेल लगाए, उनकी क्या स्थिति है? इस पर एसीई मीणा ने कहा-42 ट्यूबवेल लगाए, इनमें 15 सूखे निकल गए और 32 काम कर रहे हैं। मंत्री ने कहा-इस हिसाब से ताे 27 ही काम कर रहे हैं। बैठक में यह बात तब उठी जब जलदाय एसीई मीणा ने कहा कि शहर में अभी हम 271 लाख लीटर पानी उपलब्ध करा पा रहे हैं। शहर में नए स्वीकृत 35 ट्यूबवेल लगने के बाद पानी की सप्लाई सामान्य हाे जाएगी। इस पर मंत्री ने कहा पिछले साल भी मुझसे कहा था कि नए ट्यूबवेल लगने के बाद पानी की समस्या नहीं रहेगी। अब भी यही कहा जा रहा है, ऐसा कब तक चलेगा? जलदाय अधिकारियाें की क्लास पाैने दाे घंटे तक चली।

मंत्री ने कहा-काेई भी जलदाय अधिकारी आमजन के बीच जाकर पूछता ही नहीं कि उसे पानी संबंधी क्या समस्या है? जेईएन से लेकर एसीई तक काे चाहिए कि वे जाकर लाेगाें से पानी की समस्या पूछें और उसका समाधान करें। मंत्री ने कहा-शहर के 65 वार्डाें में किस वार्ड में कितना पानी दिया जा रहा है, इसकी जानकारी अधिकारियाें काे नहीं है। कही अधिक ताे कहीं कम पानी दिया जा रहा है। लाेग शिकायत करते हैं। अधिकारी आमजन का फाेन भी नहीं उठाते हैं। उन्हाेंने एईएन रवि भार्गव, जेईएन हरिओम जाट व मीनू सैनी काे कारण बताओ नाेटिस देने के निर्देश दिए। पार्षद नारायण साइवाल, रविंद्र मीणा व शीला जांगिड़ ने भी पानी संबंधी समस्या बताई। मंत्री ने बैठक में अनुपस्थित खनि अभियंता को नोटिस देने काे कहा। बैठक में जिला कलेक्टर नन्नूमल पहाड़िया सहित विभिन्न विभागाें के अधिकारी माैजूद थे।

कृषि कार्याें के लिए दी जाए बिजली

जयपुर डिस्काम के एसई राजसिंह यादव काे निर्देश दिए कि रात में 10 बजे बाद ग्रामीण क्षेत्राें में कृषि कार्याें के लिए बिजली निर्धारित समय में दी जाए। ढीले तार कसे जाएं। वीसीआर भरते समय सावधानी बरतें।

इन-इन विभागाें के अफसराें काे दिए निर्देश

जूली ने यूआईटी, पीडब्ल्यूडी, महिला एवं बाल विकास सहित अन्य विभागाें के अधिकारियाें से बातचीत कर समस्या निपटाने काे कहा। उन्होंने महिला एवं बाल विकास उपनिदेशक से कहा कि आंगनबाडी कार्यकर्ता और सहायिकाओं के पुराने चयन प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण करें। जिला श्रम कल्याण अधिकारी को मृत्तक श्रमिकों के लंबित क्लेम प्रकरणों का वेरिफिकेशन कर तुरंत भुगतान के निर्देश दिए। कलेक्टर से कहा कि जिले में 5 उपखंड क्षेत्रों में विकसित होने वाले औधोगिक क्षेत्रों के लिए भूमि चिन्हित कराएं तथा सभी ब्लाॅक मेंं नंदीशाला, खेल स्टेडियम, केन्द्रीय विद्यालय तथा औद्याेगिक क्षेत्रो के लिए भूमि चिन्हित कराएं। रीको के क्षेत्रीय प्रबंधक को एमआईए से मालाखेड़ा तक सडक के प्रस्ताव बनाने, सीएमएचओ को राजगढ़ व भिवाडी में ट्रोमा सेंटर व चांदोली में सीएचसी के प्रस्ताव बनाने, जिला परिषद सीईओ काे मनरेगा योजना में मॉडल जोहड़ एवं तालाब विकसित करने के निर्देश दिए। यूआईटी सचिव को निर्माणाधीन मिनी सचिवालय के शेष कार्य शीघ्र पूर्ण कराने, पीडब्ल्यूडी एसई काे जिले की क्षतिग्रस्त सड़कों का पेचवर्क कराने तथा खराब सड़कों के नवीनीकरण के प्रस्ताव बनवाने के निर्देश दिए। बैठक में अधिकारियाें के अलावा अजय अग्रवाल एवं योगेश मिश्रा माैजूद थे।

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