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सरपंच पति, ग्राम सचिव समेत 3 रिश्वत लेते गिरफ्तार:बांसवाड़ा में एसीबी की कार्रवाई, ठेकेदार से मांगा था 1.96 लाख कमीशन, 22 हजार की नकदी के साथ पकड़ा, शोभावटी ग्राम पंचायत का मामला

बांसवाड़ा2 महीने पहले
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एएसीबी की कार्रवाई में धरा गया सरपंच पति, महिला ग्राम विकास अधिकारी एवं तीसरा प्राइवेट व्यक्ति। - Dainik Bhaskar
एएसीबी की कार्रवाई में धरा गया सरपंच पति, महिला ग्राम विकास अधिकारी एवं तीसरा प्राइवेट व्यक्ति।

निर्माण कामों से जुड़े पुराने बिल पास करने के एवज में ठेकेदार से कमीशन मांग रहे शोभावटी ग्राम पंचायत के सरपंच पति और महिला ग्राम विकास अधिकारी को एसीबी ने सोमवार शाम को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। उनके कब्जे से रिश्वत के 22 हजार रुपए बरामद किए गए। एसीबी ने भैरूपाड़ा थाना थांदला जिला झाबुआ (मध्य प्रदेश) हाल शोभावटी ग्राम सचिव तारा कुंवर पुत्री भंवरसिंह डामोर तथा शोभावटी सरपंच पति शांतिलाल पुत्र नारजी कटारा को गिरफ्तार किया। वहीं दलाली में लिप्त इंदिरा कॉलोनी, टिमेड़ा बस स्टैंड निवासी महिपाल प्रजापत को तीसरे और प्राइवेट व्यक्ति के तौर पर धरा है। इससे पहले निमेश कुमार, शांतिलाल एवं पवन राठौड़ ने मामले को लेकर एसीबी की बांसवाड़ा इकाई से संपर्क साधा था। इसके बाद एसीबी ने रिश्वत को लेकर मामले में सत्यापन कराया था।

एसीबी टीम के साथ गिरफ्तार तीनों आरोपी। गुलाबी साड़ी में ग्राम विकास अधिकारी, नीली शर्ट में सरपंच पति और मुंह पर रूमाल बांधे हुए है प्राइवेट व्यक्ति।
एसीबी टीम के साथ गिरफ्तार तीनों आरोपी। गुलाबी साड़ी में ग्राम विकास अधिकारी, नीली शर्ट में सरपंच पति और मुंह पर रूमाल बांधे हुए है प्राइवेट व्यक्ति।

यह है मामला
एसीबी के एडिशनल एसपी माधौसिंह सोढ़ा ने बताया कि परिवादी निमेश कुमार की फर्म पंचाल कंस्ट्रक्शन की ओर से वर्ष 2019-20 में ग्राम पंचायत शोभावटी में नरेगा और टीएडी मद से सामुदाियक भवन का निर्माण किया था। इसका भुगतान करने से पहले आरोपी तारा कुंवर और शांतिलाल ने प्रार्थी निमेश से मनरेगा के कुल भुगतान का 13 और भवन निर्माण की कुल राशि का 10 प्रतिशत कमीशन मांगा, जो करीब 1.96 लाख रुपए बैठता है। इसमें एक लाख 74 हजार रुपए आरोपियों ने समायोजित कर लिए। यानी की कंपनी के बिल लगाकर भुगतान उठा लिया, जबकि कमीशन के 22 हजार रुपए बच रहे थे। शेष राशि की मांग आरोपियों ने नकद के तौर पर की। यहां ग्राम विकास अधिकारी ने यह राशि निजी व्यक्ति महिपाल प्रजापत को दिलवाई। एसीबी ने तीनों को गिरफ्तार किया। वहीं रिश्वत की राशि भी बरामद की। अब मामले में तीनों के खिलाफ छानबीन जारी है।

सोमवार रात को एसीबी ने यहां पर की बाकी की कार्रवाई।
सोमवार रात को एसीबी ने यहां पर की बाकी की कार्रवाई।

15 अगस्त की रात को बीडीओ को धरा था
इससे पहले एसीबी कुशलगढ़ से ही तत्कालीन विकास अधिकारी और एक ग्राम सचिव को रिश्वत की राशि के साथ पकड़ चुकी है। यह कार्रवाई 15 अगस्त की रात को एसीबी ने की थी।

इनपुट : निरंजन बाघ (कुशलगढ़)

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